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गुवाहाटी, पांच सितंबर असम के पुलिस महानिदेशक हरमीत सिंह ने कहा कि राज्य पुलिस ने गैरकानूनी गतिविधियों के खिलाफ शनिवार तड़के चलाए गए एक विशेष अभियान में लगभग 330 लोगों को गिरफ्तार किया है। सिंह ने…
AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने 5 सितंबर को सहारनपुर कलेक्ट्रेट में एक मस्जिद को गिराए जाने की आलोचना की। उन्होंने 1911 के ऐतिहासिक रिकॉर्ड का हवाला देते हुए कहा कि यह जगह लंबे समय से पूजा-स्थल…
महाराष्ट्र में केवल महाराष्ट्र में फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया एफएसएसएआई ने ओल्ड मोंक रम की बिक्री पर रोक लगाई थी। बॉम्बे हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। सुनवाई में रम की बिक्री पर लगाई गई…
नयी दिल्ली, पांच सितंबर राष्ट्रीय राजधानी में शनिवार सुबह हुई हल्की बारिश से न्यूनतम तापमान गिरकर 24.8 डिग्री सेल्सियस पर…
पटना, चार सितंबर बिहार के राज्यपाल सैयद अता हसनैन, मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन…
तमिलनाडु की राजनीति में 2029 के लोकसभा चुनावों और प्रधानमंत्री पद की उम्मीदवारी को लेकर खींचतान शुरू हो गई है।…
लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) ने सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर स्वतंत्र भारद्वाज से पूरी तरह किनारा करते हुए उनके खिलाफ दिल्ली के…
भुवनेश्वर, चार सितंबर ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने शुक्रवार को दावा किया कि राज्य में भारतीय जनता पार्टी…
केरल के त्रिशूर जिले में राष्ट्रीय राजमार्ग 66 (NH 66) पर शुक्रवार देर रात एक दिल दहला देने वाला सड़क…
नयी दिल्ली, चार सितंबर उच्चतम न्यायालय के न्यायाधीश न्यायमूर्ति उज्ज्वल भुइयां ने शुक्रवार को कहा कि नीट प्रश्नपत्र लीक मुद्दे…
कोलकाता, चार सितंबर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के शिक्षा प्रकोष्ठ विद्या भारती पश्चिम बंगाल में अपने स्कूल नेटवर्क के बड़े…
भोपाल, चार सितंबर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने कोविड-19 लॉकडाउन के दौरान सार्वजनिक गतिविधियों पर प्रतिबंध के बावजूद निर्माण श्रमिकों की…
कोलकाता, चार सितंबर पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने शुक्रवार को कहा कि उनकी सरकार नदी किनारे होने वाले…
भुवनेश्वर, चार सितंबर ओडिशा में शुक्रवार को बाढ़ की स्थिति में सुधार हुआ और सभी प्रमुख नदियों का जलस्तर घटने…
मुंबई, चार सितंबर सिर पर मैला ढोने की प्रथा पर कड़ा रुख अपनाते हुए मुंबई उच्च न्यायालय ने कहा है…
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विश्वभर में लगभग सभी महापुरूषों ने शिक्षकों को राष्ट्र निर्माता की संज्ञा दी है। गुरू रूपी इन्हीं शिक्षकों को सम्मान देने के लिए प्रतिवर्ष 5 सितम्बर…
पाकिस्तान की एकदिवसीय टीम की कप्तानी को लेकर एक बार फिर सवाल उठने लगे हैं। ऐसे में…
दिल्ली कैपिटल्स के ओपनर अभिषेक पोरेल को पश्चिम बंगाल के हुगली ज़िले में मोगरा पुलिस स्टेशन में…
भारत के पूर्व फील्डिंग कोच टी. दिलीप ने ICC T20 वर्ल्ड कप 2024 के फ़ाइनल में सूर्यकुमार…
स्टार स्पिनर राशिद खान के शानदार ऑल-राउंड प्रदर्शन की बदौलत अफ़गानिस्तान ने बेलफ़ास्ट में खेले गए तीसरे…
(मोना पार्थसारथी) नयी दिल्ली, 11 अगस्त भारत के महानतम ड्रैग फ्लिकरों में शुमार जुगराज सिंह के सुनहरे…
ज़िम्बाब्वे के सफल दौरे के बाद, भारतीय बल्लेबाज़ वैभव सूर्यवंशी ने आने वाले घरेलू सीज़न की तैयारी…
बॉलीवुड सिनेमा ने हमेशा से गुरु-शिष्य की परंपरा और शिक्षकों के समर्पण को बेहद खूबसूरत तरीके से पर्दे पर उतारा है। बॉलीवुड फिल्मों में नजर आए शिक्षक केवल किताबों का पाठ पढ़ाने वाले मास्टरजी नहीं थे, बल्कि वे जिंदगी के ऐसे मेंटॉर बनकर उभरे जिन्होंने छात्रों के सपनों को पंख दिए और पारंपरिक रूढ़ियों को तोड़ा। शिक्षक दिवस (Teachers’ Day 2026) के इस खास मौके पर आइए डालते हैं बॉलीवुड फिल्मों के उन 9 कालजयी डायलॉग्स पर नजर, जो आज भी हर भारतीय के दिल में बसे हैं:ब्लैक: अमिताभ बच्चनअमिताभ बच्चन ने देबराज सहाय का किरदार निभाया, जो एक पक्के इरादे वाले टीचर थे। उन्होंने मिशेल नाम की एक ऐसी लड़की की मदद की जो सुन और देख नहीं सकती थी, ताकि वह बातचीत कर सके और अपने आस-पास की दुनिया को समझ सके। पढ़ाने का उनका अनोखा तरीका मिशेल की ज़िंदगी के सफ़र में अहम भूमिका निभाता है।यादगार लाइन:…
प्रेग्नेंसी में महिलाओं के शरीर में कई तरह के मानसिक और शारीरिक बदलाव होते हैं। वहीं अगर प्रेग्नेंसी के दौरान…
खराब जीवनशैली और गलत खान-पान के कारण कई लोगों को हेल्थ संबंधित समस्याएं परेशान करती है। घंटों तक ऑफिस में…
Air pollution may be doing more damage during pregnancy than previously understood. A new study by researchers at All India…
Rome: Genes linked to antibiotic resistance are present across multiple ocean basins, including remote waters, according to findings released on…
New Delhi: In a major step towards achieving universal health coverage, West Bengal on Monday became the 36th State and…
New Delhi: Hot and humid conditions prevailing during India’s monsoon season could extend the duration of uncompensable heat stress of…
सितंबर का महीना घूमने के लिहाज से बेहद खास होता है क्योंकि इस महीने में न ज्यादा गर्मी…
5 मिनट पहलेकॉपी लिंकरेलवे भर्ती बोर्ड (RRB) ने NTPC में 5165 पदों पर भर्ती निकाली है। उम्मीदवार ऑफिशियल वेबसाइट rrbapply.gov.in पर जाकर आवेदन कर सकते हैं।एजुकेशनल क्वालिफिकेशन :12वीं पास, ग्रेजुएशन की डिग्रीएग्जाम पैटर्न :जारी नहींफीस :जारी नहींएज लिमिट :अधिकतम 33 सालसैलरी :पे लेवल – 2 से 6 तकअन्य अलाउंस का लाभ भी मिलेगा।जरूरी डॉक्यूमेंट्स :आधार कार्डसिग्नेचरवोटर आईडीपासपोर्ट साइज फोटोरजिस्टर्ड मोबाइल नंबरनिवास प्रमाण पत्र10वीं का प्रमाण पत्रजाति प्रमाण पत्रऐसे करें आवेदन :ऑफिशियल वेबसाइट www.rrbapply.gov.in पर जाएं।नई रजिस्ट्रेशन के विकल्प पर क्लिक करें।आपके सामने रेलवे जोन की लिस्ट खुल जाएगी। जिस जोन के लिए फॉर्म भरना चाहते हैं, उस पर क्लिक करें।Check…
मुंबई, चार सितंबर जेट एयरवेज के संस्थापक नरेश गोयल ने धन शोधन के एक मामले में यहां एक…
नयी दिल्ली, चार सितंबर टाटा केमिकल्स ने शुक्रवार को कहा कि केन्या स्थित उसकी अनुषंगी टाटा केमिकल्स मगाडी लिमिटेड (टीसीएमएल)…
नयी दिल्ली, चार सितंबर टाटा केमिकल्स ने शुक्रवार को कहा कि केन्या स्थित उसकी अनुषंगी टाटा केमिकल्स मगाडी लिमिटेड (टीसीएमएल)…
घरेलू वाहन कंपनी टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल्स लिमिटेड (टीएमपीवी) ने बृहस्पतिवार को अपने यात्री वाहन कारोबार के लिए नई ब्रांड…
सरकार द्वारा आयात की अनुमति देने, स्टॉक रखने पर पाबंदी लगाने और जमाखोरों के खिलाफ कार्रवाई करने के बाद बृहस्पतिवार…
उत्तरप्रदेश की आध्यात्मिक राजधानी अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण भारतीय राजनीति के सबसे लंबे और निर्णायक अध्यायों में से एक रहा है। इस मंदिर आंदोलन ने भारतीय राजनीति की दिशा बदली, भाजपा को राष्ट्रीय सत्ता के केंद्र तक पहुंचाने में ऐतिहासिक भूमिका निभाई और अंततः 22 जनवरी 2024 को रामलला की प्राण-प्रतिष्ठा के साथ आंदोलन का सबसे बड़ा प्रतीकात्मक लक्ष्य पूरा हुआ।लेकिन इतिहास का दिलचस्प मोड़ यह है कि मंदिर बनने के बाद असली प्रशासनिक चुनौती शुरू हुई है, जिसके दृष्टिगत 2 सितंबर 2026 को “श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट” ने सेवानिवृत्त एयर मार्शल जितेंद्र कुमार मिश्र को अपना पहला पूर्णकालिक CEO नियुक्त किया। इसलिए मिश्र की नियुक्ति के पीछे छिपे महत्वपूर्ण प्रशासनिक व सियासी संदेश को समझना होगा।इसे भी पढ़ें: Operation Sindoor से अयोध्या तक: कौन है राम मंदिर ट्रस्ट के नए CEO एयर मार्शल जीतेंद्र मिश्रा, क्या होगी जिम्मेदारीमसलन, लगभग 5,585 आवेदनों में से बहुस्तरीय चयन…
पुरानी कार या बाइक खरीदने के बाद RC (Registration Certificate) अपने नाम ट्रांसफर कराना बेहद जरूरी है। अब केंद्र सरकार ने वाहन के मालिकाना हक के ट्रांसफर और अधिकृत डीलरों के जरिए पुराने वाहनों की बिक्री को लेकर नए नियमों का मसौदा पेश किया है। इसमें छह महीने की समय सीमा का प्रावधान चर्चा में है। हालांकि, यहां यह समझना जरूरी है कि छह महीने बाद मालिकाना हक बदलने का प्रस्ताव आम व्यक्ति द्वारा खरीदे गए वाहन पर सीधे लागू होने वाला नियम नहीं है। यह मुख्य रूप से उस वाहन के लिए प्रस्तावित है, जिसे पंजीकृत मालिक ने अधिकृत डीलर को सौंप दिया है और Form 29C के जरिए इसकी सूचना दी गई है। क्या है सरकार का नया प्रस्ताव?सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) ने Central Motor Vehicles Rules, 1989 में बदलाव का मसौदा जारी किया है। इसका उद्देश्य खासकर संगठित सेकंड-हैंड वाहन कारोबार में वाहन के एक डीलर से…
पश्चिम बंगाल का जादवपुर विश्वविद्यालय एक समय देश के प्रतिष्ठित शिक्षण संस्थानों में गिना जाता था, लेकिन आज कैंपस से ज्ञान, शोध और अकादमिक विमर्श की बजाय ‘आजादी’ के नारे और विवादित राजनीतिक गतिविधियों की खबरें सुर्खियां बन रही हैं। यहां सवाल उस मानसिकता का है जो भारत में रहते हुए भारत से ही ‘आजादी’ की मांग करने तक पहुंच जाती है। देखा जाए तो ‘कश्मीर मांगे आजादी’ जैसे उद्घोष और माओवादी नेता किशनजी के समर्थन में लिखे नारों ने एक बेहद असहज सवाल खड़ा कर दिया है कि आखिर विश्वविद्यालय के भीतर किस तरह की राजनीति और किस तरह की मानसिकता को जगह दी जा रही है? ऐसे लोगों को लेकर पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी का रुख बिल्कुल स्पष्ट और सख्त है। उन्होंने दो टूक अंदाज में कहा है कि वे इस ‘बीमारी’ को जानते हैं और इसकी ‘दवा और इलाज’ भी जानते हैं। इसे भी पढ़ें: Suvendu Adhikari…
नेपाल में ग्लेशियर ढहने से आई विनाशकारी बाढ़ ने सिर्फ हिमालय की नाजुक भौगोलिक संरचना को उजागर नहीं किया है, बल्कि भारत की सीमा से सटे तिब्बत में चीन के निर्माणाधीन 60,000 मेगावाट के मेदोग हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट को लेकर भी खतरे की घंटी तेज कर दी है। नेपाल में सैंकड़ों लोगों की मौत और 750 लोगों के लापता होने की खबरों के बीच अब यह सवाल और गंभीर हो गया है कि दुनिया के सबसे सक्रिय भूकंपीय क्षेत्रों में से एक हिमालय में इतना विशाल बांध आखिर कितना सुरक्षित है।हम आपको बता दें कि शुरुआत में नेपाल-तिब्बत सीमा क्षेत्र में आई इस आपदा को 4.4 तीव्रता के भूकंप से जोड़कर देखा गया था। लेकिन अमेरिकी भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (यूएसजीएस) के नए विश्लेषण ने तस्वीर बदल दी। यूएसजीएस के अनुसार, अतिरिक्त भूकंपीय आंकड़ों और उपग्रह तस्वीरों के अध्ययन से पता चला कि यह भूकंप नहीं था, बल्कि ग्लेशियर के ढहने और उसके…
आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना यानी PM-JAY सरकार का हेल्थकेयर प्रोग्राम है जो हर परिवार को हर साल 5 लाख रुपये तक का कैशलेस इलाज देता है, जो एम्पैनल्ड सरकारी और प्राइवेट अस्पतालों में होता है।आयुष्मान कार्ड क्या है?आयुष्मान कार्ड एक डिजिटल हेल्थ कार्ड है जो आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (AB PMJAY) के तहत जारी किया जाता है। योग्य लाभार्थी आयुष्मान कार्ड का इस्तेमाल करके पूरे भारत में पैनल वाले अस्पतालों में हर परिवार को हर साल ₹5 लाख तक के कैशलेस इलाज का फ़ायदा उठा सकते हैं। यह कार्ड सभी योग्य लाभार्थियों के लिए सस्ती और आसानी से मिलने वाली हेल्थकेयर पक्का करता है और सेकेंडरी और टर्शियरी केयर हॉस्पिटलाइज़ेशन तक पहुँच देता है।इसे भी पढ़ें: Credit Card Closure: क्या आपने लंबे समय तक क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल नहीं किया? तो जानिए कैसे हो सकता है आपका नुकसान?आयुष्मान कार्ड की एलिजिबिलिटीPM-JAY के लिए एलिजिबल होने के…
आये दिन होने वाले प्रदर्शनों के चलते सामान्य जनजीवन को बंधक बना देने की प्रवृति पर दिल्ली उच्च न्यायालय की टिप्पणी इसलिए महत्वपूर्ण हो जाती है कि प्रदर्शनों के कारण कई बार तो जीवन मरण तक के हालात पैदा हो जाते हैं। अन्य सब कारणों और परिणामों को थोड़ी देर के लिए अलग कर भी दिया जाएं तो भी हालात यहां तक हो जाते हैं कि यातायात प्रभावित होने से तत्काल मेडिकल रिलिफ की आवश्यकता वाले बीमारों तक का जीवन संकट में पड़ जाता है। इसमें कोई दो राय नहीं कि लोकतंत्र में अपनी बात कहने, अपनी बात रखने और अपना विरोध अंकित कराने का सबको अधिकार है। केई गलत हो रहा है तो उसका विरोध भी होना चाहिए पर इसका मतलब यह तो नहीं होना चाहिए कि हम अपनी बात कहने के चक्कर में दूसरों को अपने सामान्य नागरिक अधिकारों से वंचित कर दें। विरोध प्रदर्शन के साथ ही…
वन्देमातरम आज विवाद का विषय बना दिया है। जबकि यह सत्य है कि जब बंकिम बाबू ने इसकी रचना की थी, तब उनके मन में किसी के मन को आहत करने का कोई विचार नहीं था। उनका भाव केवल मातृभूमि के वंदन का था। देश में वन्देमातरम के अंतिम दो भाग का पहली बार विरोध विभाजन की मानसिकता रखने वाले मोहम्मद अली जिन्ना ने किया। आज उसी मार्ग पर कांग्रेस कदम बढ़ाती दिख रही है। यह बात सही है कि देश का सम्मान करने वाली किसी भी बात पर राजनीति नहीं होना चाहिए, लेकिन केवल वोट की चाहत के चलते ऐसा करना और भी खतरनाक हो जाता है।वन्दे मातरम् भारत की स्वतंत्रता चेतना, मातृभूमि के प्रति समर्पण और राष्ट्रीय स्वाभिमान का ऐसा उद्घोष है, जिसने स्वतंत्रता आंदोलन के दौर में असंख्य भारतीयों के भीतर देशभक्ति की ज्वाला प्रज्वलित की। यही कारण है कि आज जब वन्दे मातरम् के पूर्ण या…
भले ही देश की तमाम राजनीतिक पार्टियां आने वाले विधानसभा और लोकसभा चुनावों के लिए अपनी-अपनी बिसात बिछाने में जुटी हों, लेकिन भारतीय राजनीति की इस शतरंज पर जल्द ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का एक और बड़ा ‘मास्टरस्ट्रोक’ चलने की संभावना जोर पकड़ रही है। हम आपको बता दें कि ‘एक देश, एक चुनाव’ का विचार अब महज बहस या चुनावी नारा नहीं रह गया है, भारत इसके क्रियान्वयन से कुछ ही कदम दूर दिखाई दे रहा है। एक ओर भाजपा देशभर में विभिन्न सामाजिक और पेशेवर वर्गों के बीच इस विचार के समर्थन में अभियान चलाकर जनमत तैयार करने में जुटी है, वहीं इस मुद्दे पर विचार कर रही संयुक्त संसदीय समिति भी राज्यों, विधायिकाओं, शिक्षाविदों, कानूनी विशेषज्ञों और अन्य हितधारकों से व्यापक चर्चा के बाद अपनी रिपोर्ट को अंतिम रूप देने के चरण में पहुंच रही है। ऐसे में सियासी हलकों में यह सवाल तेजी से उठ रहा…
नई दिल्ली स्थित ऐतिहासिक धरना-प्रदर्शन स्थल “जंतर-मंतर” (वोट क्लब के बाद) पर 21 अगस्त 2026 को हुआ ‘आरक्षण हटाओ’ आंदोलन वास्तव में आरक्षण सुधार मुहिम बनकर रह गया। हालांकि इसके सामाजिक मिजाज और जनहितकारी तेवरों ने यह स्पष्ट कर दिया कि यह घटनाक्रम भारतीय राजनीति के लिए महज एक और धरना नहीं है, बल्कि यह उस असंतोष की राजनीतिक अभिव्यक्ति है जो सरकारी नौकरियों, प्रतियोगी परीक्षाओं और उच्च शिक्षा में अवसरों को लेकर सामान्य वर्ग के एक प्रतिभाशाली हिस्से, खासकर जेन-जी युवाओं में दिखाई दे रहा है। साथ ही प्रौढ़ और बुजुर्ग समाजसेवियों का समर्थन भी उन्हें प्राप्त है। इसलिए जंतर-मंतर की सियासी झाड़फूंक पर गौर फरमाना आवश्यक है, क्योंकि संविधान, राजनीति और सामाजिक न्याय की असली परीक्षा यहीं से शुरू होती है जो कब खत्म होगी, शायद नेताओं को भी नहीं पता, क्योंकि दो नावों की सवारी करने में वे माहिर जो होते हैं। कहना न होगा कि जिस तरह…
Credit Card Closure: क्या आपके पास ऐसा क्रेडिट कार्ड है जिसे आपने लंबे समय से इस्तेमाल नहीं किया है? यदि हां, तो इसे नजरअंदाज करना हमेशा सही रणनीति नहीं है। वजह यह कि लंबे समय तक कार्ड का इस्तेमाल न करने से हर स्थिति में सीधे आपका CIBIL Score खराब नहीं होता, लेकिन कार्ड पर लगने वाले शुल्क, कार्ड के बंद होने और कुल उपलब्ध क्रेडिट लिमिट में बदलाव जैसी परिस्थितियां आपकी क्रेडिट प्रोफाइल को प्रभावित कर सकती हैं।सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि RBI के मौजूदा नियमों के तहत यदि कोई क्रेडिट कार्ड एक वर्ष से अधिक समय तक इस्तेमाल नहीं किया गया है, तो कार्ड जारी करने वाली कंपनी को कार्डधारक को सूचित करके उसे बंद करने की प्रक्रिया शुरू करनी होती है। यदि सूचना के 30 दिनों के भीतर कार्डधारक की ओर से कोई जवाब नहीं मिलता, तो बकाया राशि के भुगतान के अधीन कार्ड बंद किया…
Supporting Student Journalist.
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