तिरुवनंतपुरम, नौ अगस्त लोगों से कथित तौर पर ठगी करने की कोशिश के तहत केरल पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी का कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) से बनाया गया फर्जी वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित करने के संबंध में एक मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने रविवार को यह जानकारी दी। फेसबुक पर प्रसारित एक फर्जी ‘रील’ में अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (कानून-व्यवस्था) पी. विजयन को वर्दी में दिखाया गया है और पुराने नोटों की बिक्री से जुड़ी एक धोखाधड़ी योजना का प्रचार करने के लिए उनकी तस्वीर एवं आवाज में भ्रामक तरीके से बदलाव किया गया है।
अधिकारियों ने बताया कि फर्जी वीडियो में अधिकारी की आवाज में बदलाव कर उन्हें यह कहते हुए दिखाया गया है कि किसी पंजीकरण शुल्क की जरूरत नहीं है और लोग 25 लाख रुपये तक कमा सकते हैं। पुलिस के अनुसार, यह फर्जी वीडियो एक फेसबुक पेज के जरिए एक अगस्त 2026 को अपलोड किया गया था। साइबर निगरानी के दौरान पुलिस की नजर इस वीडियो पर पड़ी और सात अगस्त को तिरुवनंतपुरम साइबर पुलिस थाने में मामला दर्ज किया गया।
पुलिस ने बताया कि किसी अन्य व्यक्ति के रूप में खुद को पेश करने, जालसाजी और साइबर धोखाधड़ी के आरोप में भारतीय न्याय संहिता तथा सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने कहा कि फेसबुक खाते में दिए गए मोबाइल फोन नंबर के आधार पर जांच शुरू कर दी गई है। यह भी पता लगाया जा रहा है कि क्या जालसाज ने इस तरीके से किसी व्यक्ति को ठगा है।
पुलिस के अनुसार, इस बात की भी जांच की जा रही है कि क्या अन्य पुलिस अधिकारियों और नेताओं के भी इसी तरह के फर्जी वीडियो सोशल मीडिया मंचों पर प्रसारित किए गए हैं।
