(तस्वीरों के साथ)
नयी दिल्ली, 15 सितंबर बाइकर शिवानी चौहान के भाई ने राजस्थान से मंगलवार को गिरफ्तार किए गए कार चालक के इस दावे को खारिज किया कि हरियाणा के गुरुग्राम में हुई टक्कर की घटना गलती से हुई थी। दीपांकर चौहान ने पीटीआई-वीडियो से कहा, ‘‘आरोपी खुद को बचाने के लिए कह रहा है कि सबकुछ सामान्य था। उसका दावा है कि टक्कर गलती से हुई।
मैं बस इतना ही कहूँगा: अगर यह गलती थी, तो उसे रुकना चाहिए था।’’
आरोपी कल्याण बैंसला को राजस्थान के राजगढ़ से गिरफ़्तार किया गया। बैंसला की तेज़ रफ़्तार मारुति सियाज़ ने दो दिन पहले गुरुग्राम के गोल्फ़ कोर्स रोड पर शिवानी चौहान उर्फ सिया की अप्रिलिया आरएस 457 बाइक को टक्कर मार दी थी, जिससे वह बाइक से गिरने के बाद सड़क पर काफी दूर तक घिसटती चली गई थी। यह गिरफ़्तारी तब हुई जब गुरुग्राम पुलिस ने सीसीटीवी फ़ुटेज और चौहान के वीडियो बयान की पड़ताल के बाद भारतीय न्याय संहिता की धारा 109 के तहत हत्या के प्रयास का आरोप जोड़ा।
चौहान सोशल मीडिया पर खुद को ‘‘सिया’’ बताती है। गुरुग्राम के पुलिस आयुक्त शिबास कविराज ने कहा, ‘‘हमने कार चालक कल्याण बैंसला को आज राजस्थान से गिरफ्तार कर लिया। गहन जांच और सीसीटीवी फुटेज के विस्तृत विश्लेषण के बाद मामले में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 109 के तहत हत्या के प्रयास का आरोप जोड़ा गया है।’’
चौहान का परिवार लगातार यह कह रहा था कि इस घटना को आम सड़क दुर्घटना नहीं माना जाना चाहिए।
उनके पिता रोशन चौहान ने आरोप लगाया था कि कार ने उनकी बेटी का पीछा किया और चालक से बार-बार दूरी बनाए रखने के लिए कहे जाने के बावजूद उसने टक्कर मार दी। रोशन चौहान ने कहा, ‘‘उसने (सिया) उसे (कार चालक) कई बार दूरी बनाए रखने की चेतावनी दी थी। अगर उसके बाद भी कोई व्यक्ति दुर्घटना को अंजाम देता है, तो साफ़ है कि उसका इरादा टक्कर मारने का ही था।
अगर आपको कोई समस्या है, तो आप उस पर अपनी कार थोड़े ही चढ़ा देंगे? आप आगे गाड़ी रोककर, शांति से बात कर सकते हैं।’’
सहायक पुलिस आयुक्त (मुख्यालय) अभिलक्ष जोशी के अनुसार, पुलिस ने घटना का स्वतः संज्ञान लेते हुए शुरुआत में गुरुग्राम के सेक्टर 56 थाने में बीएनएस की धारा 281 (तेज़ और लापरवाही से गाड़ी चलाना) तथा धारा 125 (चोट पहुँचाना) के तहत मामला दर्ज किया। दीपांकर ने कहा कि परिवार अब तक की कार्रवाई से संतुष्ट है, लेकिन उन्हें लगता है कि जांच के बाद और भी आरोप लग सकते हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘हां, उन्होंने हत्या के प्रयास की धारा जोड़ी है। अभी तो बस यही है, लेकिन बाद में और धाराएं जोड़ी जा सकती हैं।’’
परिवार ने कार में सवार लोगों और इसके मालिक के खिलाफ भी कार्रवाई की मांग की है। रोशन ने पहले कहा था, ‘‘हम चाहते हैं कि इसमें शामिल सभी लोगों को गिरफ़्तार किया जाए — कार में बैठे लोग भी और वह व्यक्ति भी जिसने उसे गाड़ी दी थी।
ऐसे लोगों के ख़िलाफ़ पूरे देश में एक संदेश जाना चाहिए। अगर गुरुग्राम जैसे हाई-टेक शहर में दिन-दहाड़े ऐसी घटनाएँ होती हैं, तो महिलाएँ कहाँ सुरक्षित हैं?’’
उन्होंने कहा, ‘‘अच्छी बात यह थी कि वह सुरक्षा के लिए ज़रूरी उपकरण पहने हुए थी, जिससे वह बच गई। वरना, जिस तरह बाइक पलटी और वह गिरी, उसे देखते हुए तो ऐसा लगता है कि उसे मारने में कोई कसर नहीं छोड़ी गई।’’
बैंसला ने कहा है कि ‘यू-टर्न’ पर कार से उसका नियंत्रण खो गया था।
इस दावे का रोशन ने खंडन किया और आरोप लगाया कि कार में सवार लोग नशे में थे।
