पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना जिले के भाटपाड़ा में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के उम्मीदवार पवन सिंह के आवास के बाहर हुई गोलीबारी में केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) का एक जवान घायल हो गया जिसके बाद निर्वाचन आयोग ने घटना पर रिपोर्ट मांगी है। अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी।
यह घटना रविवार को ऐसे समय में हुई जब 29 अप्रैल को राज्य में विधानसभा चुनाव के तहत दूसरे चरण का मतदान होना है।
एक अधिकारी ने बताया कि घायल जवान की पहचान योगेश शर्मा के रूप में हुई है, जो भाजपा के वरिष्ठ नेता अर्जुन सिंह के बेटे पवन सिंह की सुरक्षा टीम में थे।
उन्होंने बताया कि शर्मा को पैर में गोली लगी और उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
एक अधिकारी ने बताया कि निर्वाचन आयोग ने घटना पर रिपोर्ट मांगी है, जबकि पुलिस ने कहा है कि अब तक यह पता नहीं चल पाया है कि गोली किसने चलाई।
पुलिस के अनुसार, रविवार शाम जगद्दल इलाके में उस समय तनाव का माहौल बन गया जब तृणमूल कांग्रेस के एक कार्यकर्ता पर कुछ लोगों के समूह ने कथित तौर पर हमला कर दिया था जब पार्टी के झंडे व बैनर लगा रहा था।
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उन्होंने बताया कि तृणमूल कांग्रेस के कई नेता शिकायत दर्ज कराने के लिए थाने पहुंचे।
अधिकारी ने कहा, ‘‘इसके तुरंत बाद दोनों पक्षों के समर्थक वहां जमा हो गए, जिससे तीखी बहस हुई, जो हाथापाई में बदल गई। थाने के बाहर पथराव की भी खबरें आईं, जिसके बाद स्थिति को नियंत्रण में लाया गया।’’
बाद में सिंह के आवास के पास तनाव फिर से भड़क, जहां प्रत्यक्षदर्शियों ने दावा किया कि देसी बम से हमला किया गया और गोलीबारी हुई।
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तृणमूल के एक स्थानीय नेता ने आरोप लगाया, ‘‘हमारे कार्यकर्ता पर हमला हुआ। जब हम शिकायत दर्ज कराने गए, तो हम पर हमला किया गया। हम मानते थे कि थाना सबसे सुरक्षित जगह है, लेकिन यह धारणा टूट गई है।’’
हालांकि, भाजपा ने इस आरोप का खंडन किया और दावा किया कि उसके समर्थकों को निशाना बनाया गया था।
तृणमूल ने इस आरोप को खारिज करते हुए पलटवार करते हुए कहा कि हिंसा के लिए भाजपा जिम्मेदार है।
