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दिल्ली के मालवीय नगर स्थित होटल में लगी भीषण आग की जांच में चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं। ताजा खुलासे में, फ्लोरिश होटल के मालिक लवकेश बजाज के आपराधिक रिकॉर्ड की जांच शुरू हो गई…
भारतीय विदेश मंत्रालय की साप्ताहिक ब्रीफिंग में प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने विभिन्न सवालों के जवाब देते हुए भारत-अमेरिका ट्रेड डील, अवैध प्रवासन, भारत के पड़ोसी देशों के साथ संबंध और वैश्विक साझेदारियों से जुड़े कई महत्वपूर्ण…
पांच आंखों वाले खुफिया गठबंधन जिसे फाइव आईज के नाम से पहचाना जाता है, उसकी ताजा चेतावनी ने दुनिया भर की सुरक्षा एजेंसियों के कान खड़े कर दिए हैं। अमेरिका, ब्रिटेन, कनाडा, ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड के…
नागपुर में आयोजित राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के कार्यकर्ता विकास वर्ग के समापन समारोह में संघ के सरसंघचालक मोहन भागवत तथा…
आगामी चुनावी चुनौतियों को देखते हुए कांग्रेस आलाकमान देश भर में अपने संगठनात्मक ढांचे में एक बड़ा और व्यापक बदलाव…
आज यानी की 05 जून को योगी आदित्यनाथ अपना 54वां जन्मदिन मना रहे हैं। योगी आदित्यनाथ हिंदुत्व के पुरोधा कहे…
कर्नाटक में नई कैबिनेट के गठन और विभागों के बंटवारे के महज 24 घंटे के भीतर कांग्रेस सरकार में बड़ी…
अमेरिका और क्यूबा के बीच लंबे समय से जारी राजनीतिक और आर्थिक तनाव अब चरम पर पहुंच गया है। अमेरिकी…
विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने देशवासियों को शुभकामनाएं देते हुए पिछले एक दशक में पर्यावरण…
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी शुक्रवार को गुजरात के सूरत और केंद्र शासित प्रदेश दमन के दौरे पर रहेंगे। इस महत्वपूर्ण दौरे…
अहमदाबाद के घाटलोडिया इलाके से एक चिंताजनक मामला सामने आया है, जहां बीते चार दिनों के दौरान सैकड़ों लोग अचानक…
देशभर में भीषण गर्मी के बीच आखिरकार मानसून ने दस्तक दे दी है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार दक्षिण-पश्चिम…
आम आदमी पार्टी (आप) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने गुरुवार को शिक्षा क्षेत्र में पंजाब के प्रदर्शन की सराहना…
ऑनलाइन व्यंग्य मंच से विरोध आंदोलन में परिवर्तित हुए कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के तेजी से उदय ने इसके वित्तपोषण…
तिब्बती आध्यात्मिक नेता दलाई लामा 5 जून (शुक्रवार) को अपने बाएं घुटने के इलाज के लिए धर्मशाला से नई दिल्ली…
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राज्यसभा चुनावों के लिए भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस ने अपने उम्मीदवारों की घोषणा कर दी है। इन घोषणाओं ने केवल संसदीय राजनीति ही नहीं, बल्कि…
टी20 वर्ल्ड कप 2026 के बाद टीम इंडिया जून महीने में अपने घर पर एक नई चुनौती…
टी20 वर्ल्ड कप 2026 में पाकिस्तान क्रिकेट टीम खराब प्रदर्शन के चलते बाहर हो चुकी है। लेकिन…
भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान और बंगाल क्रिकेट एसोसिएशन (सीएबी) के वर्तमान अध्यक्ष सौरव गांगुली ने…
भारत के सलामी बल्लेबाज संजू सैमसन ने टी20 वर्ल्ड कप के सुपर-8 मुकाबले में वेस्टइंडीज के खिलाफ…
ईरान और अमेरिका के बीच चल रहे तनाव का असर अब खेल जगत पर भी पड़ने लगा…
पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी) ने टी20 विश्व कप के सेमीफाइनल में न पहुंच पाने के बाद राष्ट्रीय…
टीवी की मशहूर एक्ट्रेस शिल्पा शिंदे अपने एक नए बयान की वजह से भारी विवादों में घिर गई हैं। हाल ही में शिल्पा ने कबूल किया था कि उन्होंने ‘भाबीजी घर पर हैं’ शो के प्रोड्यूसर संजय कोहली पर यौन उत्पीड़न के झूठे आरोप लगाए थे। उनके इस खुलासे के बाद से ही मनोरंजन जगत में बहस छिड़ गई है और लोग उन पर गुस्सा जाहिर कर रहे हैं।अशोक पंडित ने शिल्पा शिंदे को फटकाराइस मामले पर फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सिने एम्प्लॉइज के मुख्य सलाहकार अशोक पंडित ने सख्त नाराजगी जताई है। उन्होंने कहा कि यौन उत्पीड़न जैसे गंभीर आरोपों का इस्तेमाल किसी भी निजी या कामकाजी विवाद को सुलझाने के लिए हथियार के रूप में नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि ऐसे झूठे आरोप किसी भी इंसान की छवि, उसके करियर और मानसिक स्थिति को पूरी तरह बर्बाद कर सकते हैं। इसे भी पढ़ें: Sonarika Bhadoria ने Post…
घूमने का शौक लगभग हर किसी को होता है। जैसे ही छुट्टियां मिलती हैं, वैसे ही लोग घूमने…
पर्यावरण प्रदूषण वर्तमान समय में सबसे बड़ी वैश्विक समस्या है। पिछले तीन दशकों से महसूस किया जा रहा है कि वैश्विक स्तर पर सबसे बड़ी समस्या पर्यावरण से ही जुड़ी है। मानवीय क्रियाकलापों के कारण प्रकृति में लगातार बढ़ते दखल के कारण पृथ्वी पर बहुत से प्राकृतिक संसाधनों का विनाश हुआ है। आधुनिक जीवनशैली, पृथ्वी पर पेड़-पौधों की कमी, पर्यावरण प्रदूषण का विकराल रूप, मानव द्वारा प्रकृति का बेदर्दी से दोहन इत्यादि कारणों से मानव और प्रकृति के बीच असंतुलन की भयावह खाई उत्पन्न हो रही है। जलवायु परिवर्तन और प्रदूषित वातावरण के बढ़ते खतरे हम अब लगातार अनुभव कर…
वैश्विक अनिश्चितता, भू-राजनीतिक तनाव और ऊर्जा की ऊंची कीमतों के बावजूद, वित्त वर्ष 2026 में भारत की अर्थव्यवस्था…
देश के पूंजी बाजार में चर्चा का विषय बने राजेश एक्सपोर्ट्स प्रकरण में अब कंपनी की ओर से भी विस्तृत…
उत्तर प्रदेश में एक्सप्रेसवे और राजमार्ग नेटवर्क के तीव्र विस्तार ने राज्य के विकास की गति को दोगुना कर दिया…
पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच अब भारत की ऊर्जा सुरक्षा को लेकर नई चिंता सामने आ रही है।…
पंजाब के एक साधारण परिवार से शुरू हुई एक कहानी अब देशभर में कैंसर दवाओं के काले कारोबार की गंभीर…
हम सभी के पास एक बैंक अकाउंट होता है जो हमने स्कूल या कॉलेज के दौरान खोला था। या जब हमारी सैलरी किसी दूसरी कंपनी के ज़रिए आती थी। या क्योंकि किसी दोस्त ने कहा, “बस खोल लो, कोई नुकसान नहीं है।” लेकिन सालों बाद पासबुक गायब है, ATM कार्ड एक्सपायर हो गया है और आपने उसे कभी छुआ तक नहीं है।तो क्या होता है जब आप लंबे समय तक अपने बैंक अकाउंट का इस्तेमाल नहीं करते? क्या बैंक इसे बंद कर सकता है? क्या कोई चार्ज जमा हो रहा है? क्या आपका पैसा गायब हो जाएगा?बैंक अकाउंट तब “इनएक्टिव” होता है जब लगातार 12 महीने तक कस्टमर की तरफ से कोई ट्रांज़ैक्शन—जैसे, डिपॉज़िट, विड्रॉल, फंड ट्रांसफर, या इंटरनेट बैंकिंग लॉगिन नहीं हुआ हो। अगर यह 24 महीने तक इनएक्टिव रहता है तो अकाउंट को रिज़र्व बैंक ऑफ़ इंडिया (RBI) के नियमों और दूसरे देशों के ऐसे ही नियमों के…
क्या आप जानते हैं कि हर साल 40% से ज़्यादा EPF बेनिफिट्स इसलिए बिना क्लेम के रह जाते हैं क्योंकि मेंबर्स ने सही नॉमिनेशन फाइल नहीं किया था? एक EPF मेंबर के तौर पर यह पक्का करना कि आपकी मेहनत की कमाई आपकी गैरमौजूदगी में आपके अपनों तक पहुंचे, सिर्फ़ एक ज़िम्मेदार फाइनेंशियल प्लानिंग ही नहीं है बल्कि यह आपके परिवार के भविष्य के लिए ज़रूरी सुरक्षा भी है। EPFO यूनिफाइड पोर्टल पर ई-नॉमिनेशन की शुरुआत ने इस प्रोसेस में बड़ा बदलाव किया है, फिर भी कई मेंबर्स अभी भी इस ज़रूरी काम को सही तरीके से पूरा करने में मुश्किल महसूस करते हैं। एम्प्लॉई प्रोविडेंट फंड ऑर्गनाइज़ेशन (EPFO) मेंबर्स को अपने EPF अकाउंट के लिए परिवार के सदस्यों को नॉमिनेट करने की सुविधा देता है ताकि किसी भी अनहोनी की स्थिति में फंड ट्रांसफर आसानी से हो सके। बाद में होने वाली दिक्कतों से बचने के लिए नॉमिनी की डिटेल्स…
यदि आपने समय से पहले ही कर्ज यानी लोन चुका दिया, जिसे “लोन फोरक्लोजर/प्री-क्लोजर” कहा जाता है और उसके बाद भी आपका सिबिल स्कोर गिर गया हो, तो यह प्रथम दृष्टया यानी पहली नजर में भले ही अजीब सा लगता है। लेकिन क्रेडिट स्कोरिंग सिस्टम ऐसा होने के पीछे कई तकनीकी पहलुओं पर काम करता है। इसलिए कई बार “जल्दी कर्ज चुकाना” भी अस्थायी रूप से आपके स्कोर घटा देता है। कहा भी जाता है कि कोई भी कार्य न तो समय से पहले करना चाहिए और न ही समय के बाद, बल्कि उसे उचित समय पर ही करना चाहिए। खासकर कर्ज जैसे वित्तीय लेन-देन के मामले में। अब आइए समझते हैं कि आखिर सिबिल स्कोर क्यों गिर जाता है?इसे भी पढ़ें: पीएम मुद्रा योजना में किस कैटेगरी में कितना लोन मिलता है?पहला, पुराना लोन एकाउंट बंद हो जाता है: जब आप लोन फोरक्लोज करते हैं, तो वह अकाउंट “बंद” दिखने…
कर्नाटक में कांग्रेस इस समय एक गहरे राजनीतिक धर्मसंकट में दिखाई दे रही थी, लेकिन मुख्यमंत्री बदलकर उसने इसका भी तोड़ निकाल लिया है। जिस तरह से आलाकमान के निर्देश पर सिद्धारमैया की जगह डी के शिवकुमार को मुख्यमंत्री बनाने का फैसला किया है, वह दूरदर्शिता का परिचायक है। लेकिन सवाल है कि क्या मुख्यमंत्री बदलने से समस्या का स्थायी हल निकल चुका है? या फिर कोई और नई समस्या पनपेगी! कांग्रेस का अतीत इसी बात की चुगली करता है।चूंकि कांग्रेस के लिए जहां एक ओर सत्ता संतुलन मायने रखता है, तो वहीं दूसरी ओर एक स्थिर और टिकाऊ सरकार की चुनौती उसके समक्ष मौजूद है, जो चुनावी मुद्दा भी 2028 के विधानसभा चुनाव में बनेगा। और इसी बीच मुख्यमंत्री बदलने की लगातार चल रही चर्चाओं को सही साबित करके और अपना नया मुख्यमंत्री घोषित करके उसने कर्नाटक के राजनीतिक तापमान बढ़ा चुकी है।सवाल यह है कि क्या नेतृत्व परिवर्तन…
प्रधानंमत्री नरेंद्र मोदी की पांच देशों संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) नीदरलैंड, स्वीडन, नार्वे और इटली की छह दिवसीय यात्रा संपन्न हो चुकी है। पश्चिमी एशिया संकट सहित दुनियाभर में चल रही उथल -पुथल तथा चीन की विस्तारवादी नीतियों के दृष्टिगत प्रधानमंत्री मोदी की यह यात्रा इन देशों से द्विपक्षीय संबंध सुधारने की दिशा में एक अहम पड़ाव बनी। प्रधानमंत्री मोदी की इस यात्रा के दौरान उन्हें स्वीडन तथा नार्वे जैसे देशों ने अपना सर्वोच्च नागरिक सम्मान देकर सम्मानित किया। नार्वे की यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने भारत-नार्डिक देशों के शिखर सम्मेलन में भी भाग लिया। प्रधानमंत्री की पांच देशों की यात्रा के दौरान कुल 57 समझौतों पर हस्ताक्षर किए गए। प्रधानमंत्री मोदी की इस यात्रा के व्यापक कूटनीतिक, आर्थिक और सामरिक निहितार्थ हैं। इन यात्राओं का एक परोक्ष संदेश यह भी है अब भारत दुनिया के ताकतवर देशों की कूटनीति की छत्रछाया से बाहर निकल कर अपनी स्वतंत्र नीति…
वर्ष 2026 की गर्मी केवल एक मौसमीय घटना नहीं, बल्कि मानव सभ्यता के सामने खड़ी एक गंभीर चेतावनी बनकर सामने आई है। अप्रैल-मई के दौरान भारत सहित दक्षिण एशिया के अनेक हिस्सों में पड़ी रिकॉर्ड हीटवेव ने यह स्पष्ट कर दिया है कि जलवायु परिवर्तन अब भविष्य का संकट नहीं, वर्तमान की भयावह वास्तविकता है। दिल्ली, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र और मध्य भारत के अनेक क्षेत्रों में तापमान 46 से 48 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। कई शहरों में बिजली की मांग ने रिकॉर्ड तोड़ दिए। सड़कें सूनी दिखने लगीं, श्रमिकों का श्रम ठहरने लगा और बच्चों, बुजुर्गों तथा गरीब तबकों के सामने जीवन बचाने की चुनौती खड़ी हो गई। यह संकट अचानक नहीं आया। यह दशकों से प्रकृति के साथ किए गए असंतुलित व्यवहार, अंधाधुंध शहरीकरण, जंगलों की कटाई, संसाधनों के दोहन और सुविधावादी जीवनशैली का परिणाम है। प्रकृति ने बार-बार संकेत दिए, लेकिन विकास की अंधी दौड़ में…
आगामी उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनावों को देखते हुए कांग्रेस ने एक बार फिर बसपा प्रमुख मायावती के करीब जाने की रणनीति बनानी शुरू कर दी है। चूंकि कांग्रेस इस समय समाजवादी पार्टी के साथ गठबंधन में है, इसलिए उसके शीर्ष नेता खुलकर मायावती से संपर्क नहीं कर सकते थे। ऐसे में कांग्रेस से जुड़े कुछ दलित नेताओं के माध्यम से मायावती तक पहुंचने की कोशिश की गई, लेकिन मायावती ने इस प्रयास को पूरी तरह विफल कर दिया। लखनऊ स्थित अपने आवास पर पहुंचे कांग्रेस नेताओं को उन्होंने मिलने का समय तक नहीं दिया। इस घटनाक्रम ने उत्तर प्रदेश की राजनीति में नए संकेत दे दिए हैं।दरअसल मंगलवार शाम कांग्रेस के अनुसूचित जाति विभाग के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजेंद्र पाल गौतम और कांग्रेस सांसद तनुज पुनिया मायावती से मिलने उनके आवास पहुंच गए। बताया गया कि उनके साथ कुछ अन्य दलित नेता भी थे। हालांकि उन्हें मायावती से मिलने का समय…
बंगाल में 69 वर्षों के अथक संघर्ष के बाद बनी शुभेंदु अधिकारी के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार अपने चुनावी संकल्प पत्र के अनुरूप काम पर लग गई है। सत्ता परिवर्तन होते ही सभी धार्मिक स्थलों पर लाउडस्पीकर बंद करवाए गए। अवैध बूचड़खानों पर बुलडोजर एक्शन के आदेश जारी हुए। सभी विद्यालयों में अब सम्पूर्ण वंदेमातरम का गायन अनिवार्य कर दिया गया है। सड़कों पर नमाज व अन्य धार्मिक गतिविघियों पर पाबंदी लगा दी गई है। सीमा पर फेंसिंग के लिए सीमा सुरक्षा बल को जगह दे दी गई है और सम्पूर्ण भूमिहस्तांतरण निर्णय के 45 दिन में पूरा हो जाएगा। चिकन नेक क्षेत्र केंद्र को सौंप दिया गया है। धार्मिक आधार पर चलने वाली योजनाएं जैसे इमामों को वेतन बंद कर दिया गया है। आर.जी.कर केस की फाइल दोबारा खुलने के आदेश हो गए हैं। आयुष्मान भारत जैसी केंद्रीय जन कल्याण योजनाएं अब बंगाल पहुँच रही हैं।शुभेंदु सरकार की गति…
भारत के सर्वोच्च न्यायालय के 53वें मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति सूर्यकांत ने एक जनहित याचिका पर सुनवाई के क्रम में याचिकाकर्ता की अपरिपक्व भाषा और समकालीन “सिस्टम पर हमले की प्रवृत्ति” पर एक तल्ख टिप्पणी की और परजीवी तक कह डाला। लिहाजा इसको भारत की लोकतांत्रिक संस्थाओं के संदर्भ में देखा जाना चाहिए। हालांकि, यह टिप्पणी केवल न्यायपालिका तक सीमित नहीं है, बल्कि संसद, चुनाव आयोग, मीडिया, नौकरशाही और संवैधानिक संस्थाओं पर लगातार बढ़ते अविश्वास, राजनीतिक ध्रुवीकरण और सोशल मीडिया आधारित आक्रामक विमर्श की ओर संकेत करती है। इसलिए इसके अहम सियासी और प्रशासनिक मायने हैं और संविधान का संरक्षक होने के नाते सर्वोच्च न्यायालय भी अपने नैतिक दायित्व से सिर्फ छिछली टिप्पणी करके बच नहीं सकता, क्योंकि उसे हासिल स्वतः संज्ञान का अधिकार भी गरीबों की भलाई में एक हदतक निरर्थक प्रतीत होता आया है। बावजूद इसके सीजेआई की टिप्पणी कई मायनों में जायज मानी जा सकती है, क्योंकि आज भारत…
प्रधानमंत्री मुद्रा योजना (PMMY) जैसी स्कीम की वजह से भारत में छोटा बिज़नेस शुरू करना बहुत आसान हो गया है। चाहे आप छोटी दुकान खोलना चाहते हों, डेयरी फार्म चलाना चाहते हों, टेलरिंग यूनिट शुरू करना चाहते हों या अपने मौजूदा बिज़नेस को बढ़ाना चाहते हों, आप बिना किसी कोलैटरल के ₹20 लाख तक का लोन ले सकते हैं। केंद्र सरकार ने यह स्कीम 8 अप्रैल 2015 को शुरू की थी ताकि यह पक्का किया जा सके कि छोटे एंटरप्रेन्योर, खासकर महिलाओं और पहली बार बिज़नेस शुरू करने वालों को साहूकारों पर निर्भर न रहना पड़े। अकेले पहली बार एंटरप्रेन्योर्स को 12.15 करोड़ से ज़्यादा लोन देने के साथ PM मुद्रा लोन स्कीम भारत सरकार की एक सफल फ्लैगशिप स्कीम साबित हुई है।प्रधानमंत्री मुद्रा योजना क्या है?प्रधानमंत्री मुद्रा योजना (PMMY) 8 अप्रैल 2015 को शुरू की गई थी। यह स्कीम नॉन-कॉर्पोरेट, नॉन-फार्म माइक्रो और स्मॉल एंटरप्राइजेज को फाइनेंशियल मदद देती…
Supporting Student Journalist.
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