अहमदाबाद, तीन अक्टूबर नेशनल हाई स्पीड रेल कॉरपोरेशन लिमिटेड (एनएचएसआरसीएल) ने शनिवार को कहा कि मुंबई-अहमदाबाद बुलेट ट्रेन परियोजना के तहत साबरमती नदी पर 480 मीटर लंबा और 36 मीटर ऊंचा पुल बनकर तैयार हो गया है। एनएचएसआरसीएल ने एक विज्ञप्ति में कहा कि करीब 118 फुट ऊंचा यह पुल 12 मंजिला इमारत के बराबर है और मुंबई-अहमदाबाद बुलेट ट्रेन कॉरिडोर के प्रमुख ढांचों में से एक है। विज्ञप्ति में कहा गया है कि यह पुल पश्चिम रेलवे की अहमदाबाद-दिल्ली मुख्य रेल लाइन के पास स्थित है, जो जमीन के स्तर से करीब 14.8 मीटर की ऊंचाई पर है।
यह पुल साबरमती और अहमदाबाद बुलेट ट्रेन स्टेशनों के बीच स्थित है। यह साबरमती स्टेशन से करीब एक किलोमीटर और अहमदाबाद स्टेशन से चार किलोमीटर दूर है। विज्ञप्ति के अनुसार, मौजूदा बुनियादी ढांचे से आवश्यक ऊर्ध्वाधर दूरी बनाए रखने के लिए साबरमती नदी पुल के पिलरों को अधिक ऊंचाई के साथ डिजाइन किया गया है।
एनएचएसआरसीएल ने बताया कि पुल को आठ गोलाकार पिलर का सहारा दिया गया है। इनमें से चार पिलर नदी की तलहटी में, दो पिलर नदी के दोनों किनारों पर और दो पिलर नदी के किनारों से बाहर स्थित हैं। पिलर को रणनीतिक तरीके से इस तरह लगाया गया है कि नदी में जल प्रवाह में कम से कम रुकावट हो।
एनएचएसआरसीएल ने कहा कि पुल का निर्माण ‘बैलेंस्ड कैंटिलीवर मेथड’ से किया गया है। यह नदियों और गहरे जलमार्गों पर लंबी दूरी वाले पुलों के निर्माण के लिए इस्तेमाल की जाने वाली विशेष तकनीक है। इस तकनीक से पुल के ऊपरी ढांचे के नीचे पारंपरिक मचान लगाए बिना उसका निर्माण किया जा सकता है।
विज्ञप्ति में कहा गया है कि मुंबई-अहमदाबाद हाई-स्पीड रेल (एमएएचएसआर) का मार्ग कई मौजूदा बुनियादी ढांचा सुविधाओं से होकर गुजरता है, जिनमें फ्लाईओवर, पुल, रेलवे लाइन और मेट्रो कॉरिडोर शामिल हैं। विज्ञप्ति के अनुसार, इस कॉरिडोर में नदी पर कुल 25 पुल हैं, जिनमें 21 गुजरात और चार महाराष्ट्र में हैं। गुजरात में प्रस्तावित 21 नदी पुलों में से अब तक 18 का निर्माण पूरा हो चुका है।
