ब्याज से इतर आमदनी बढ़ाने के लिए पंजाब नेशनल बैंक (पीएनबी) इस साल दिसंबर तक अपनी संपत्ति प्रबंधन सेवा शुरू करने की तैयारी कर रहा है। बैंक के प्रबंध निदेशक और मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) अशोक चंद्रा ने यह जानकारी दी।
चंद्रा ने पीटीआई-के साथ साक्षात्कार में कहा, हमारी संपत्ति प्रबंधन योजना का पहला कदम यह सुनिश्चित करना था कि बैंक के पास ग्राहक संबंध प्रबंधक (सीआरएम) मौजूद हों।
छह महीने पहले हमने 1,700 शाखाओं में लगभग 1,700 सीआरएम तैनात किए। उनका मुख्य काम हर शाखा के 250 से 300 बड़े और प्रमुख ग्राहकों के कामकाज को देखना है।
सरकारी क्षेत्र का यह बैंक अब इस महीने के अंत तक 1,300 और सीआरएम तैनात करने की योजना बना रहा है। इन्हें चुनी गई अन्य 1,300 शाखाओं में तैनात किया जाएगा।
उन्होंने आगे बताया, ‘‘यह हमारा पहला कदम था। संपत्ति प्रबंधन पहल के लिए हमने सलाहकारों से भी बात करना शुरू कर दिया है। बहुत जल्द हम इस सेवा के लिए भागीदार चुनने की प्रक्रिया शुरू करने वाले हैं।
मुझे उम्मीद है कि अगले तीन से चार महीनों में हमारी संपत्ति प्रबंधन सेवा पूरी तरह तैयार हो जाएगी। आगे चलकर पीएनबी इस क्षेत्र में बहुत सक्रिय भूमिका निभाएगा।’’
इस सेवा की शुरुआत के बारे में पूछने पर उन्होंने कहा, ‘‘हमें चालू वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही (अक्टूबर से दिसंबर) तक इसे बाजार में उतारने की उम्मीद है।’’
क्रेडिट कार्ड कारोबार के बारे में बात करते हुए चंद्रा ने कहा कि बैंक इस क्षेत्र के विस्तार पर काम कर रहा है, जिसे एक महाप्रबंधक की देखरेख में अलग विभाग के रूप में चलाया जा रहा है।
उन्होंने बताया, ‘‘बैंक के पास 31 मार्च, 2025 तक केवल 6.6 लाख क्रेडिट कार्ड धारक थे। हालांकि, हमने इसमें बड़ी संभावनाएं देखीं और कारोबार को तेजी से बढ़ाने का फैसला किया। सबसे पहले एक डिजिटल ढांचा तैयार किया गया, जिसमें हमें लगभग पांच महीने का समय लगा।
