छत्तीसगढ़ के धमतरी और कोंडागांव जिलों की सीमा पर स्थित दो गांवों में एक तेंदुए ने कई ग्रामीणों पर हमला कर दिया, जिसमें दो महिलाओं समेत सात लोग घायल हो गए। अधिकारियों ने बृहस्पतिवार को यह जानकारी दी। एक वन अधिकारी ने बताया कि बुधवार देर रात धमतरी जिले के कारीपानी गांव में तीन ग्रामीण घायल हो गए, जबकि बृहस्पतिवार सुबह कोंडागांव जिले के बस्तर बुड़रा गांव में चार अन्य लोग घायल हो गए।
उन्होंने बताया कि दोनों हमलों में एक ही तेंदुआ शामिल था। तेंदुआ सबसे पहले कारीपानी के पास बहीगांव में देखा गया था, जो उदंती-सीतानदी टाइगर रिजर्व के सीतानदी इलाके में आता है। अधिकारी ने बताया कि वन विभाग ने बुधवार को ही तेंदुए को पकड़ने की कोशिश शुरू कर दी थी, लेकिन वे उसे पकड़ नहीं पाए।
उन्होंने बताया कि तेंदुआ बुधवार देर रात कारीपानी गांव में घुस गया। वहां कुछ शोर सुनकर उर्मिला बाई मरकाम (60) अपने घर से बाहर निकलीं, तब तेंदुए ने उन पर हमला कर दिया। जब उर्मिला के भाई सुंदर लाल नेताम (60) उन्हें बचाने के लिए दौड़े, तब तेंदुए ने उन पर भी हमला कर दिया।
अधिकारी ने बताया कि मौके पर पहुंचीं एक पड़ोसी, मनाई बाई भी इस हमले में घायल हो गईं। उन्होंने बताया कि घायल ग्रामीणों को एम्बुलेंस से नगरी के सरकारी अस्पताल ले जाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद, उर्मिला और सुंदर की गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए धमतरी जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया गया, जबकि मनाई बाई का इलाज नगरी के अस्पताल में चल रहा है।
अधिकारी ने बताया कि इसके बाद, तेंदुआ बाघ संरक्षित क्षेत्र से सटे जंगली इलाके में स्थित बस्तर बुड़रा गांव में घुस गया और चार ग्रामीणों पर हमला कर उन्हें घायल कर दिया। उन्होंने बताया कि घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। अधिकारी ने बताया कि वन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी प्रभावित इलाकों में पहुंच गए हैं और तेंदुए को पकड़ने की कोशिशें जारी हैं।
उसकी गतिविधियों पर नजर रखने के लिए ड्रोन का इस्तेमाल किया जा रहा है।
