नयी दिल्ली, चार नवंबर भारतीय महिला हॉकी टीम एशियाई चैंपियंस ट्रॉफी (एसीटी) में लगातार तीसरा और कुल मिलाकर चौथा खिताब जीतने की कवायद में 19 नवंबर से भोपाल में शुरू होने वाले छह देशों के टूर्नामेंट में मलेशिया के खिलाफ अपने अभियान की शुरुआत करेगी। यह टूर्नामेंट भोपाल के नाथू बरखेड़ा स्थित अंतरराष्ट्रीय खेल परिसर में बने नए हॉकी स्टेडियम में खेला जाएगा। इसमें भारत, जापान, चीन, मलेशिया, थाईलैंड और दक्षिण कोरिया की टीमें भाग लेंगी।
पिछले महीने जापान में एशियाई खेलों में ऐतिहासिक स्वर्ण पदक जीतने के बाद भारतीय महिला हॉकी टीम का यह पहला टूर्नामेंट होगा। भारतीय टीम ने 2016, 2023 और 2024 में एशियाई चैंपियंस ट्रॉफी का खिताब जीता था। टूर्नामेंट राउंड-रॉबिन प्रारूप में खेला जाएगा, जिसमें प्रत्येक टीम अन्य पांच टीमों से एक बार भिड़ेंगी।
लीग चरण के अंत में शीर्ष पर रहने वाली चार टीमें सेमीफाइनल में पहुंचेंगी। एशिया की शीर्ष रैंकिंग वाली टीम चीन 19 नवंबर को थाईलैंड के खिलाफ अपने अभियान की शुरुआत करेगी। भारत इसी दिन मलेशिया का सामना करेगा।
भारतीय टीम इसके बाद 21 नवंबर को दक्षिण कोरिया, 22 नवंबर को थाईलैंड, 24 नवंबर को चीन और 25 नवंबर को जापान का सामना करेगी। पांचवें और छठे स्थान के लिए होने वाला क्वालिफिकेशन मैच तथा दोनों सेमीफाइनल मैच 27 नवंबर को होंगे। फाइनल और तीसरे स्थान का मैच 28 नवंबर को खेले जाएंगे।
हॉकी इंडिया के अध्यक्ष दिलीप टिर्की ने कहा, ‘‘मुझे खुशी है कि भोपाल एशियाई चैंपियंस ट्रॉफी की मेजबानी करेगा। मुझे उम्मीद है कि भारतीय टीम एशियाई खेलों की अपनी सफलता काे आगे बढ़ाते हुए अपने खिताब का बचाव करने में सफल रहेगी।’’
