TRENDING NEWS
नयी दिल्ली, दो नवंबर दिल्ली की एक अदालत ने कथित ठग सुकेश चंद्रशेखर की संलिप्तता वाले 200 करोड़ रुपये की जबरन वसूली के मामले में अभिनेत्री नोरा फतेही को एक बार फिर छह नवंबर को गवाह…
चंडीगढ़, दो नवंबर शिरोमणि अकाली दल (शिअद) के प्रमुख सुखबीर सिंह बादल ने अगले साल की शुरूआत में होने वाले पंजाब विधानसभा चुनाव के लिए भाजपा के साथ संभावित गठजोड़ की अटकलों पर सोमवार को सधी…
रक्षा मंत्रालय ने भारतीय नौसेना के लिए आठ युद्धपोत खरीदने के वास्ते गार्डन रीच शिपबिल्डर्स एंड इंजीनियर्स लिमिटेड (GRSE) और गोवा शिपयार्ड लिमिटेड (GSL) के साथ 53,866.50 करोड़ रुपये के अनुबंध किए हैं। इस अनुबंध के…
नयी दिल्ली, दो नवंबर बॉलीवुड के महानायक अमिताभ बच्चन हाल में मिली बम से उड़ाने की धमकी के बाद रविवार…
भोपाल, दो नवंबर कांग्रेस ने सोमवार को देवास जिले में एक पुलिस अधिकारी को अवैध शराब से भरे ट्रक के…
नयी दिल्ली, दो नवंबर रक्षा मंत्रालय ने सोमवार को बताया कि उसने नौसेना के लिए आठ युद्धपोत खरीदने के वास्ते…
ईटानगर, दो नवंबर कांग्रेस ने सोमवार को अरुणाचल प्रदेश में प्रस्तावित 11,200 मेगावाट की पनबिजली परियोजना रद्द करने और सियांग…
नयी दिल्ली, दो नवंबर उच्चतम न्यायालय ने सोमवार को कहा कि प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा धनशोधन के नए मामले में…
रायपुर, दो नवंबर छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सोमवार को महादेव ऑनलाइन सट्टा ऐप घोटाले के कथित सरगना…
Delhi में दम घोंट रहा PM 2.5, Jairam Ramesh बोले केंद्र सरकार मानकों में संशोधन कर सख्ती से लागू करे
नयी दिल्ली, दो नवंबर दिल्ली की वायु गुणवत्ता के इस मौसम में पहली बार ‘बहुत खराब’ श्रेणी में पहुंचने के…
नयी दिल्ली, दो नवंबर पंजाब विधानसभा चुनाव से पहले आम आदमी पार्टी (आप) को झटका देते हुए पार्टी के तीन…
गुवाहाटी, दो नवंबर गुवाहाटी के एक होटल में हुई गोलीबारी की घटना में पांच लोगों की मौत और एक व्यक्ति…
कोच्चि, दो नवंबर केरल उच्च न्यायालय ने शबरिमला में विभिन्न प्रतिष्ठानों में काम करने वाले कर्मचारियों को स्वास्थ्य कार्ड जारी…
जम्मू, दो नवंबर जम्मू कश्मीर प्रशासन ने सोमवार को शीतकालीन राजधानी जम्मू से कामकाज फिर शुरू कर दिया। अधिकारियों ने…
चंडीगढ़, दो नवंबर आम आदमी पार्टी (आप) से निलंबित विधायक और पूर्व आईपीएस (भारतीय पुलिस सेवा) अधिकारी कुंवर विजय प्रताप…
Subscribe to Updates
Get the latest creative news from FooBar about art, design and business.
29 अक्टूबर 2026 की रात क्रिप्टोकरेंसी की दुनिया में कुछ ऐसा हुआ, जिसने पूरी डिजिटल वित्तीय व्यवस्था की सुरक्षा पर सवालिया निशान लगा दिया। दुनिया के…
दो बार की पैरालम्पिक रजत पदक विजेता और गत चैम्पियन सुहास एल वाई ने एशियाई पैरा खेलों…
भारतीय महिला हॉकी की दीवार कही जाने वाली सबसे अनुभवी खिलाड़ी सविता पूनिया का जीवन संघर्षों पर…
इंडियन प्रीमियर लीग में सबसे ज़्यादा विकेट लेने वाले युजवेंद्र चहल ने शराब की लत से जूझने…
(मोना पार्थसारथी) नयी दिल्ली, 16 अक्टूबर हालात से परेशान होकर अनुभवी गोलकीपर सविता पूनिया ने पिछले साल…
टीम इंडिया और वेस्टइंडीज के बीच चल रही T20I सीरीज का चौथा मुकाबला खेला गया। 15 अक्टूबर…
वेस्टइंडीज के खिलाफ पांचवें टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले से पहले भारतीय टीम को अपनी बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों…
भारतीय सिनेमा के सबसे प्रतिष्ठित संगीतकारों में शुमार ऑस्कर विजेता एआर रहमान (A.R. Rahman) इन दिनों अपनी आगामी बहुप्रतीक्षित फिल्म ‘रामायण: राइज ऑफ ए लीजेंड’ (Ramayana: Rise of a Legend) के संगीत को लेकर सुर्खियों में हैं। नितेश तिवारी के निर्देशन में बन रही इस भव्य फिल्म के गाने ‘मंगल रंग’ को लेकर सोशल मीडिया और संगीत प्रेमियों के बीच मिली-जुली प्रतिक्रियाएं देखने को मिली हैं। इन तमाम चर्चाओं और आलोचनाओं पर अब खुद एआर रहमान ने बेहद बेबाकी से अपनी चुप्पी तोड़ी है। उनका साफ तौर पर मानना है कि एक सच्चा कलाकार कभी भी हर इंसान को खुश करने के उद्देश्य से धुनें नहीं बनाता।’रामायण’ के गानों पर एआर रहमान’स्क्रीन’ के साथ हाल ही में हुए एक इंटरव्यू में, एआर रहमान ने ‘मंगल रंग’ को लेकर हो रही चर्चाओं पर बात की। उन्होंने बताया कि क्यों उन्हें नहीं लगता कि हर संगीत रचना को तुरंत ही सबकी पसंद…
साल के आखिरी महीनों में कई लोग घूमने का प्लान करते हैं। ऐसे में अगर आप भी नवंबर…
Hindi NewsCareerAir Chief Marshal Ashutosh Dixit Takes Charge | Amit Shah Dakshata Padak10 मिनट पहलेकॉपी लिंकआज के प्रमुख करेंट अफेयर्स, जो सरकारी नौकरियों की तैयारी कर रहे स्टूडेंट्स के लिए जरूरी हैं।नेशनल (NATIONAL)1. एयर चीफ मार्शल आशुतोष दीक्षित ने कार्यभार संभाला31 अक्टूबर 2026 को एयर चीफ मार्शल आशुतोष दीक्षित ने भारतीय वायुसेना के 29वें प्रमुख के रूप में कार्यभार संभाला।पदभार संभालने के बाद उन्होंने भारतीय वायुसेना के भविष्य के लिए VAYU विजन पेश किया।इस विजन में सैन्य तैयारी, आत्मनिर्भरता और तीनों सेनाओं के बीच बेहतर तालमेल पर जोर दिया गया।उन्होंने एयर चीफ मार्शल एपी सिंह का स्थान लिया जो 43…
नयी दिल्ली, दो नवंबर सार्वजनिक क्षेत्र की इंडियन ऑयल, बीपीसीएल और एचपीसीएल ने नवंबर से शुरू होने वाले…
मुंबई, दो नवंबर घरेलू शेयर बाजार में सेंसेक्स और निफ्टी में सोमवार को शुरुआती कारोबार में तेजी दर्ज की गई।…
आजकल लोग स्वाद के साथ अपनी सेहत और शरीर में प्रोटीन की जरूरत का भी ध्यान रखने लगे हैं। इसी…
देश में त्योहारों के दौरान ई-कॉमर्स की मजूबत शुरुआत हुई है। यह एक उत्साहजनक संकेत है। सेंसर टॉवर के आंकड़ों…
(फाइल फोटो के साथ) (मौमिता बख्शी चटर्जी) नयी दिल्ली, 20 अक्टूबर रिलायंस इंडस्ट्रीज की इकाई जियो प्लेटफॉर्म्स के प्रबंध निदेशक…
देश के चार राज्यों (उत्तर प्रदेश, बिहार, महाराष्ट्र और कर्नाटक) की 28 विधान परिषद (एमएलसी) सीटों पर चुनाव सम्पन्न हो चुके हैं, सभी राजनीतिक दल व विश्लेषक परिणामों का अध्ययन करके उसके अपने-अपने लाभ-हानि के हिसाब से मायने निकाल रहे हैं। लेकिन इस बार का यह चुनाव कई ऐसे सवाल छोड़ गया है जिनका जवाब राजनीतिक दलों के रणनीतिकारों के साथ विशेषकर उत्तर प्रदेश के संदर्भ में भाजपा के शीर्ष नेतृत्व को जल्द से जल्द तलाश ना होगा। क्योंकि भाजपा को अन्य दलों से अलग मानते हुए किसी व्यक्ति या परिवार की जागीर की जगह संगठन को सर्वोपरि मानने वाला राजनीतिक दल माना जाता है और वैसे भी अंदरूनी गुटबाजी से दूर अनुशासन वाली पार्टी मानने का दावा भाजपा के शीर्ष नेतृत्व के द्वारा हमेशा सार्वजनिक रूप भी किया जाता है। लेकिन एमएलसी के चुनावों के परिणामों पर गौर करें तो उत्तर प्रदेश की हॉट सीट वाराणसी, लखनऊ व महाराष्ट्र…
बचपन में घोर गरीबी को बेहद करीब से देखने वाले और जीवनयापन के लिए रेलवे स्टेशन पर चाय बेचने वाले नरेंद्र मोदी ने जब देश के प्रधानमंत्री की जिम्मेदारी संभाली, तो उनके सामने भारत की सबसे बड़ी चुनौतियों में से एक थी गरीबी। करोड़ों लोगों के पास न पक्का मकान था, न बैंक खाता, न शौचालय, न रसोई गैस और न ही बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं तक पहुंच। ऐसे में प्रधानमंत्री मोदी ने गरीबों को सरकारी योजनाओं के केंद्र में रखते हुए गरीबी के अभिशाप से देश को बाहर निकालने का अभियान शुरू किया। अब इस अभियान के सकारात्मक परिणाम सामने आने लगे हैं जिसे अंतरराष्ट्रीय संस्थाएं भी मान रही हैं। उल्लेखनीय है कि विश्व बैंक की अक्टूबर 2026 की ताजा रिपोर्ट भारत की इसी परिवर्तनकारी यात्रा पर वैश्विक मुहर लगा रही है।विश्व बैंक की रिपोर्ट: 49.6 करोड़ लोगों की जिंदगी में बदलावविश्व बैंक की Poverty and Equity Brief, October 2026…
नौकरी जाने का डर लगभग हर कर्मचारी को रहता है। कई बार कंपनी अचानक कर्मचारी को नौकरी छोड़ने के लिए कह देती है। ऐसे में सवाल उठता है कि क्या नियोक्ता बिना किसी नियम का पालन किए कर्मचारी को नौकरी से निकाल सकता है? इसका जवाब सीधा हां या ना में नहीं है। कर्मचारी को हटाने के नियम उसकी नौकरी की प्रकृति, सेवा अवधि, नियुक्ति की शर्तों और उस संस्थान पर लागू श्रम कानूनों पर निर्भर करते हैं।भारत में 21 नवंबर 2025 से Industrial Relations Code, 2020 लागू है। सरकार के अनुसार इस कानून में कर्मचारियों के लिए रिट्रेंचमेंट नोटिस और मुआवजे जैसी सुरक्षा बरकरार रखी गई है।इसे भी पढ़ें: EPFO की नई WhatsApp सेवा शुरू, जानें कैसे काम करता है यह सिस्टम?क्या कंपनी कर्मचारी को मनमाने तरीके से निकाल सकती है?अगर किसी कर्मचारी को कानून के तहत ‘worker’ माना जाता है और उसने नियोक्ता के साथ कम से कम…
कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) ने अपने सदस्यों और पेंशनर्स के लिए WhatsApp पर आधिकारिक चैनल शुरू किया है। इसका मकसद PF, पेंशन और EPFO से जुड़ी जरूरी जानकारी और नए अपडेट लोगों तक आसानी से पहुंचाना है। EPFO ने सितंबर 2026 में अपने आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल के जरिए सदस्यों से WhatsApp Channel को फॉलो करने की अपील की थी।WhatsApp पर EPFO की सेवा कैसे काम करती है?सबसे पहले यह समझना जरूरी है कि नया WhatsApp Channel एक सूचना और अपडेट प्लेटफॉर्म है। इसके जरिए सदस्यों को EPFO की घोषणाओं, स्कीम से जुड़े अलर्ट और दूसरी उपयोगी जानकारी मिल सकती है। इसे PF खाते के पूरे ऑनलाइन पोर्टल का विकल्प नहीं माना जाना चाहिए।इसे भी पढ़ें: पीएम रोजगार सृजन योजना: कभी कोचिंग में पढ़ाते थे मनोज, अब पौने 2 करोड़ का टर्नओवर, आप भी करें आवेदनWhatsApp पर EPFO से जुड़ी सुविधाओं को मोटे तौर पर इस तरह समझें:- EPFO…
भारतीय लोकतांत्रिक विमर्श में पिछले कुछ वर्षों से एक अजीब और गहरी चिंताजनक परिपाटी देखने को मिल रही है। देश के राजनैतिक दल अपनी सांगठनिक कमजोरियों, जमीन से कटते जा रहे कार्यकर्ताओं और जनता के बीच नीतियों के गहरे संकट पर आत्ममंथन करने के बजाय, अपनी हर पराजय का पूरा ठीकरा देश की संवैधानिक चुनावी व्यवस्था पर फोड़ देते हैं। इस पूरे राजनैतिक खेल में ‘इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन’ यानी ईवीएम को एक बड़े वैश्विक खलनायक के रूप में पेश किया गया। कांग्रेस समेत समूचे विपक्ष ने एक सुर में ‘वोट चोरी’ का एक ऐसा आक्रामक और संदेहास्पद नैरेटिव गढ़ा, जिसने आम मतदाताओं के मन में देश की लोकतांत्रिक संस्थाओं के प्रति अविश्वास के बीज बोने की पुरजोर कोशिश की। राष्ट्रीय स्तर पर महीनों तक इस बात का माहौल बनाया गया कि यदि देश को वापस मतपत्र यानी पुरानी बैलेट पेपर प्रणाली के दौर में ले जाया जाए, तो लोकतंत्र का…
पटना के मनोज कुमार शर्मा की कहानी उन युवाओं के लिए मिसाल है जो नौकरी के बजाय अपना कारोबार शुरू करना चाहते हैं। कभी कोचिंग में पढ़ाकर परिवार का खर्च चलाने वाले मनोज ने मेडिकल फर्नीचर के कारोबार में कदम रखा। आज उनकी यूनिट में करीब 25 लोग काम कर रहे हैं और उनके मुताबिक कारोबार का सालाना टर्नओवर करीब पौने दो करोड़ रुपये तक पहुंच गया है। कारोबार बढ़ाने में उन्हें प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम यानी PMEGP और खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग (KVIC) से मिली मदद का लाभ मिला।क्या है PMEGP योजना?प्राइम मिनिस्टर एम्प्लॉयमेंट जेनरेशन प्रोग्राम (PMEGP) नए एंटरप्रेन्योर्स को नॉन-फार्म सेक्टर में माइक्रो एंटरप्राइज शुरू करने में मदद करता है। इनोवेशन को बढ़ावा देकर, सस्टेनेबल रोजी-रोटी बनाकर और माइग्रेशन को रोकने के लिए बड़े पैमाने पर रोजगार के मौके बनाकर, PMEGP आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देता है और पूरे भारत में सबको साथ लेकर चलने वाले विकास को बढ़ावा…
भारतीय लोकतंत्र का इतिहास वैचारिक असहमतियों, तीखे तर्कों और धारदार बहसों से समृद्ध रहा है। संसद से लेकर सड़क तक, देश ने दक्षिणपंथ से लेकर वामपंथ और क्षेत्रीय अस्मिताओं के बीच बड़े-बड़े वैचारिक द्वंद्व देखे हैं। लेकिन, अतीत में इन सभी बहसों की एक अंतर्निहित मर्यादा होती थी। राजनीतिक विरोधी एक-दूसरे की नीतियों पर प्रहार करते थे, चरित्र और मर्यादाओं पर नहीं। दुर्भाग्य से, समकालीन राजनीति ने संवाद की उस समृद्ध परंपरा को हाशिए पर धकेल दिया है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे द्वारा हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनके दिवंगत पिता को लेकर की गई एक बेहद विवादित टिप्पणी (“मोदी का बाप भी जाएगा”) और उसके बाद आज पूरे देश में मचा सियासी बवाल इसी कड़वी हकीकत की तस्दीक करता है। पटना के एक कार्यक्रम में सामने आए इस बयान ने न केवल एक बड़ा राजनीतिक तूफान खड़ा कर दिया है, बल्कि यह सवाल भी नए सिरे से…
यूपी में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सरकार द्वारा महिला उद्यमी क्रेडिट योजना की जो मौखिक घोषणा की गई, उससे राज्य की औरतों में आर्थिक आत्मनिर्भरता बढ़ेगी, स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे, जो महिला सशक्तीकरण की दिशा में बड़ा निर्णायक कदम साबित होगा। दरअसल महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना केवल सामाजिक सशक्तिकरण का विषय नहीं, बल्कि परिवार की समृद्धि, रोजगार सृजन और प्रदेश की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने का भी प्रभावी माध्यम है।यदि उत्तर प्रदेश में एक करोड़ महिलाओं को “महिला उद्यमी क्रेडिट योजना 2026” के तहत एक लाख रुपये तक का ब्याज मुक्त ऋण उपलब्ध कराने की पहल प्रभावी ढंग से लागू होती है, तो यह प्रदेश में महिला उद्यमिता को नई गति देने वाला कदम साबित हो सकती है। इस तरह की योजना का सबसे बड़ा लाभ उन महिलाओं को मिल सकता है, जो सिलाई-कढ़ाई, ब्यूटी पार्लर, खाद्य प्रसंस्करण, डेयरी, हस्तशिल्प, छोटी दुकान, घरेलू उत्पाद निर्माण अथवा डिजिटल…
विपरीत वैश्विक परिस्थितियों के बावजूद दुनिया भर की रेटिंग संस्थाओं ने भारतीय अर्थव्यवस्था को गतिमान स्वीकार करते हुए वैश्विक औसत से लगभग दो गुणी विकास दर रहने की संभावना जताई है। यह इसलिए महत्वपूर्ण हो जाता है कि वैश्विक परिस्थितियों में कहीं और किसी तरह का सुधार नहीं दिखाई दे रहा है। ईरान-अमेरिका युद्ध हो या रूस-यूक्रेन युद्ध हो या अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के तानाशाही पूर्ण तुगलकी निर्णय हो या कच्चे तेल के भावों में बेतहासा बढ़ोतरी और हार्मुज का संकट हालात समूचे विश्व में विकट से विकटतर बने हुए हैं। अब तो फ्रांस के हालात भी बिगड़ते जा रहे हैं तो उसका असर जहां योरोप में दिखाई देगा वहीं भारत में भी हालात को प्रभावित करने के कतिपय प्रयास जारी है। अच्छी बात यह है कि देश-दुनिया के गंभीर हालातों के बावजूद आर्थिक क्षेत्र की दुनिया की लगभग सभी रेटिंग संस्थाओं ने इंडियन इकोनोमी की ग्रोथ रेट को…
उत्तर प्रदेश की राजनीति में रामपुर की जेल सिर्फ एक चारदीवारी नहीं, बल्कि वर्तमान में समाजवादी पार्टी के भविष्य और मुस्लिम सियासत के नए ध्रुवीकरण का केंद्र बन चुकी है। 22 अक्टूबर 2026 को सपा प्रमुख अखिलेश यादव और पार्टी के सबसे कद्दावर मुस्लिम चेहरे आजम खान के बीच रामपुर जिला जेल में हुई लगभग एक घंटे की मुलाकात केवल दो नेताओं की शिष्टाचार भेंट नहीं थी। यह उत्तर प्रदेश के आगामी 2027 के विधानसभा चुनाव की बिसात पर चली गई एक ऐसी चाल है, जिसके दूरगामी परिणाम न केवल समाजवादी पार्टी के भीतर, बल्कि पूरे राज्य के सामाजिक-राजनीतिक ताने-बाने पर दिखाई देंगे। कानूनी शिकंजे में फंसे और चुनावी राजनीति से तकनीकी रूप से दूर हो चुके आजम खान की ताकत का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि उनके एक इशारे पर पश्चिमी उत्तर प्रदेश की दर्जनों सीटों का गणित बदल सकता है। यही कारण है कि…
Supporting Student Journalist.
Playlist
0:16
0:16
0:16