लग्ज़री रोलेक्स यॉट-मास्टर-2 घड़ी से लेकर कुवैत के अल अर्बाश ब्रांड के बहुमूल्य आभूषण सेट तक, भारत सरकार के अधिकारियों को विदेशी गणमान्य व्यक्तियों से प्राप्त लगभग 300 उपहारों की ई-नीलामी की जा रही है।
यह नीलामी विदेश मंत्रालय के तोशाखाना द्वारा आयोजित की जा रही है। तोशाखाना वह सरकारी भंडार है, जहां भारत या विदेश में सरकारी अधिकारियों को विदेशी स्रोतों से प्राप्त उपहार, स्मृति-चिह्न और अन्य औपचारिक भेंट सुरक्षित रखी जाती हैं।
आधिकारिक ई-नीलामी पोर्टल के अनुसार, यह नीलामी आठ जून से शुरू हुई है और 30 जून तक होगी।
नीलामी में एक्सेसरीज़, आभूषण, सौंदर्य प्रसाधन, कांच के बर्तन, पोर्सिलेन, चांदी की वस्तुएं, इत्र सहित विभिन्न श्रेणियों की वस्तुओं पर बोली लगाई जा सकती है।
नीलामी में शामिल प्रमुख वस्तुओं में रोलेक्स यॉट-मास्टर-2 घड़ी जिसकी शुरुआती कीमत 16,52,360 रुपये रखी गई है, कार्टियर (सैंटोस ड्यूमोंट कलेक्शन) की घड़ी, जिसकी प्रारंभिक कीमत 5,02,360 रुपये है तथा चांदी का सिगरेट बॉक्स, जिसकी प्रारंभिक कीमत 12,030 रुपये निर्धारित की गई है, शामिल हैं।
पोर्टल पर उपलब्ध जानकारी के अनुसार, इच्छुक भारतीय नागरिक ई-नीलामी पोर्टल पर पंजीकरण कर अपनी पसंद की वस्तुओं के लिए बोली लगा सकते हैं। पंजीकरण केवल भारत में निवास करने वाले भारतीय नागरिकों के लिए खुला है और नीलाम की गई वस्तुओं की आपूर्ति भी केवल देश के भीतर ही की जाएगी।
विदेश मंत्रालय के अनुसार, तोशाखाना की अभिरक्षा उसके पास इसलिए है ताकि भारत या विदेश में सरकारी अधिकारियों को विदेशी गणमान्य व्यक्तियों अथवा विदेशी स्रोतों से प्राप्त उपहारों को सुरक्षित रखा जा सके। यह ई-नीलामी पोर्टल विशेष रूप से तोशाखाना में उपलब्ध उपहार वस्तुओं की नीलामी के लिए बनाया गया है।
पोर्टल पर जारी सूचना में कहा गया है, ‘‘संशोधित तोशाखाना नियम, 2024 के अनुपालन में, भारत सरकार के अधिकारियों को विदेशी गणमान्य व्यक्तियों से प्राप्त उपहारों की बिक्री के लिए तोशाखाना द्वारा ई-नीलामी का पहला चरण आयोजित किया जा रहा है।’’
सूचना में यह भी स्पष्ट किया गया है कि नीलामी के लिए रखी गई अधिकांश वस्तुएं विरासत, स्मृति-चिह्न, स्मारक, सजावटी, संग्रहणीय अथवा औपचारिक महत्व की हैं। इनका उद्देश्य आवश्यक रूप से व्यावहारिक उपयोग, व्यावसायिक गतिविधियों या परिचालन संबंधी कार्यों के लिए नहीं है।
