सार्वजनिक क्षेत्र के इंडियन बैंक की जीवन बीमा और संपत्ति प्रबंधन (म्यूचुअल फंड) कारोबार में उतरने की योजना तय कार्यक्रम के हिसाब से आगे बढ़ रही है। बैंक के प्रबंध निदेशक एवं मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) बिनोद कुमार ने कहा कि इन क्षेत्रों में प्रस्तावित अनुषंगी कंपनियों या संयुक्त उद्यमों के लिए जल्द ही बैंक के निदेशक मंडल से मंजूरी ली जाएगी। कुमार ने पीटीआई-के साथ बातचीत में कहा कि बैंक फिलहाल प्रस्तावित अनुषंगी कंपनियों अथवा संयुक्त उद्यमों के लिए बोर्ड की मंजूरी लेने की प्रक्रिया में है।
इसके बाद जरूरी नियामकीय और प्रशासनिक प्रक्रियाएं शुरू की जाएंगी। उन्होंने कहा, ‘‘जीवन बीमा और संपत्ति प्रबंधन क्षेत्र में प्रवेश की योजना पूरी तरह पटरी पर है। हम बोर्ड की मंजूरी लेने की प्रक्रिया में हैं और इसके बाद अन्य संबंधित नियामकीय एवं प्रशासनिक प्रक्रियाएं शुरू की जाएंगी।’’
कुमार के मुताबिक, इस पूरी कवायद में सही साझेदार की पहचान सबसे महत्वपूर्ण होगी।
उन्होंने कहा कि मजबूत साझेदार के साथ कारोबार का विस्तार और संपत्ति सृजन तेजी से किया जा सकता है। उन्होंने अनुमान जताया कि इस प्रक्रिया में करीब एक साल का समय लग सकता है। उन्होंने कहा कि किसी संगठन के लिए अनुषंगी कंपनियां या संयुक्त उद्यम रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण होते हैं।
ये न केवल संपत्ति सृजन का मजबूत माध्यम बन सकते हैं, बल्कि ब्रांड को भी मजबूत करने में मदद करते हैं। इंडियन बैंक पहले से ही साधारण बीमा कारोबार में मौजूद है। बैंक की यूनिवर्सल सोमपो जनरल इंश्योरेंस कंपनी में 28.52 प्रतिशत हिस्सेदारी है।
यह हिस्सेदारी 2020 में तत्कालीन इलाहाबाद बैंक के इंडियन बैंक में विलय के बाद बैंक को मिली थी। वर्ष 2007 में स्थापित यूनिवर्सल सोमपो जनरल इंश्योरेंस कंपनी में इंडियन बैंक की 28.52 प्रतिशत, इंडियन ओवरसीज बैंक की 18.06 प्रतिशत, कर्नाटक बैंक की छह प्रतिशत और डाबर इन्वेस्टमेंट कॉरपोरेशन की 12.81 प्रतिशत हिस्सेदारी है। जापान की सोमपो जापान इंश्योरेंस इंक के पास 34.61 प्रतिशत हिस्सेदारी है।
वैश्विक विस्तार के बारे में पूछे जाने पर कुमार ने कहा कि इंडियन बैंक की दुबई में प्रतिनिधि कार्यालय खोलने की योजना है। इसका उद्देश्य पश्चिम एशिया में बसे बड़े भारतीय प्रवासी समुदाय से मिलने वाले कारोबारी अवसरों का लाभ उठाना है। उन्होंने कहा कि बैंक के बोर्ड ने दुबई में प्रतिनिधि कार्यालय खोलने को मंजूरी दे दी है और अब अन्य जरूरी नियामकीय मंजूरियां लेने की प्रक्रिया चल रही है।
कुमार ने कहा कि बैंक को गुजरात के गांधीनगर स्थित गिफ्ट सिटी की शाखा से अच्छा कारोबार मिल रहा है। फिलहाल इंडियन बैंक की सिंगापुर में पूर्ण सेवा वाली एक अंतरराष्ट्रीय शाखा है। इसके अलावा श्रीलंका में कोलंबो और जाफना में भी इसकी शाखाएं हैं।
कुमार ने बताया कि बैंक मलेशिया और इंडोनेशिया में भी अपनी मौजूदगी स्थापित करने की संभावनाएं तलाश रहा है।
