भारतीय ग्रैंडमास्टर आर. प्रज्ञानानंदा ने सेंट लुइस रैपिड एवं ब्लिट्ज शतरंज प्रतियोगिता के रैपिड वर्ग में शानदार प्रदर्शन करते हुए 18 में से 12 अंक हासिल कर शीर्ष स्थान प्राप्त किया।
उन्होंने इसके साथ ही वर्ष के अंत में होने वाले ‘ग्रैंड शतरंज टूर (जीसीटी)’ फाइनल में जगह बनाने की अपनी उम्मीदें भी कायम रखी हैं।
विश्व चैम्पियनशिप 2026 की दौड़ से बाहर हो चुके प्रज्ञानानंदा ने नौ दौर के रैपिड मुकाबलों में बेहतरीन तकनीक, सटीक चालों और जीत के जज्बे का परिचय दिया।
उन्हें हालांकि के नौवें और अंतिम दौर में नीदरलैंड के ग्रैंडमास्टर जॉर्डन वान फोरेस्ट से हार का सामना करना पड़ा, फिर भी वह एक अंक की बढ़त के साथ शीर्ष पर बने रहे।
उन्होंने उजबेकिस्तान के जावोखिर सिंदारोव (11 अंक) को पीछे छोड़ा, जो इस वर्ष विश्व चैम्पियनशिप मुकाबले में डी. गुकेश को चुनौती देंगे।
प्रतियोगिता का परिणाम केवल रैपिड वर्ग से तय नहीं होगा। अब 18 ब्लिट्ज मुकाबले खेले जाएंगे, जिनके बाद कुल विजेता का फैसला होगा। प्रतियोगिता की कुल पुरस्कार राशि दो लाख अमेरिकी डॉलर है, जिसमें विजेता को 50 हजार अमेरिकी डॉलर मिलेंगे।
प्रज्ञानानंदा ने रैपिड वर्ग में चार जीत (प्रत्येक जीत पर दो अंक), चार ड्रॉ और एक हार के साथ कुल 12 अंक जुटाए।
अब उनका पूरा ध्यान 18 दौर के ब्लिट्ज मुकाबलों पर होगा, जहां प्रत्येक जीत के लिए एक अंक मिलेगा।
सिंदारोव 11 अंकों के साथ दूसरे स्थान पर हैं, जबकि अमेरिका के वेस्ली सो 10 अंकों के साथ तीसरे स्थान पर हैं।
इनके बाद अमेरिका के लेवोन अरोनियन, नीदरलैंड के अनीश गिरी, क्यूबा मूल के अमेरिकी लेनियर डोमिंगेज पेरेज और जर्मनी के विन्सेंट कीमर नौ-नौ अंकों के साथ संयुक्त रूप से अगले स्थान पर हैं।
दस खिलाड़ियों की राउंड-रॉबिन प्रतियोगिता के बाद प्रतिष्ठित सिंकफील्ड कप खेला जाएगा, जो क्लासिकल प्रारूप में आयोजित होगा।
