केंद्रीय सूचना आयोग (सीआईसी) ने पेट्रोलियम एवं विस्फोटक सुरक्षा संगठन (पीईएसओ) को निर्देश दिया है कि वह घातक दुर्घटनाओं के बाद रद्द किए गए पटाखों के लाइसेंसों से संबंधित आंकड़े उपलब्ध कराए। यह निर्देश तब आया, जब संगठन ने कहा कि ऐसे मामलों में अपनाई जाने वाली मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) के संबंध में उसके पास कोई जानकारी उपलब्ध नहीं है। सूचना आयुक्त खुशवंत सिंह सेठी ने यह निर्देश उस अपील पर सुनवाई करते हुए जारी किया, जिसमें पटाखों के बनाये जाने को मंजूरी, घातक दुर्घटनाओं के बाद अपनाई जाने वाली सुरक्षा प्रक्रियाओं, जन-जागरूकता के लिए सार्वजनिक की गई दुर्घटना संबंधी रिपोर्टों और घातक दुर्घटनाओं के बाद रद्द किए गए लाइसेंसों से संबंधित जानकारी मांगी गई थी।
आयोग ने पाया कि प्रतिवादी ने केवल आंशिक जानकारी उपलब्ध कराई थी और पीईएसओ को निर्देश दिया कि वह मांगी गई सभी सूचनाओं को शामिल करते हुए संशोधित जवाब प्रस्तुत करे। घातक दुर्घटनाओं के बाद रद्द किए गए लाइसेंसों के संबंध में आयोग ने पीईएसओ को निर्देश दिया कि वह आरटीआई आवेदन दायर किए जाने से पहले के तीन वर्षों के दौरान “विनिर्माताओं की जिम्मेदारी तय किए जाने के कारण रद्द किए गए लाइसेंसों की संख्या” उपलब्ध कराए। पीईएसओ ने शुरू में घातक दुर्घटनाओं के बाद अपनाई जाने वाली एसओपी के संबंध में “कोई जानकारी उपलब्ध नहीं है” कहा था और विस्फोटक नियम, 2008 के नियम 131 का हवाला दिया था।
आयोग ने उसे निर्देश दिया कि मांगी गई एसओपी या संबंधित नियम उपलब्ध कराए। आयोग ने पीईएसओ को यह भी निर्देश दिया कि यदि उपलब्ध हो, तो विभिन्न आकार के पटाखों का इस्तेमाल करने वाले संयुक्त आतिशबाजी उत्पादों की स्वीकृत संख्या भी उपलब्ध कराई जाए। आतिशबाजी से जुड़ी दुर्घटनाओं की रिपोर्टों के संबंध में आयोग ने पीईएसओ को निर्देश दिया कि यदि संबंधित रिपोर्टें उपलब्ध हों, तो उनकी वेबसाइट पर मौजूद विशिष्ट लिंक उपलब्ध कराया जाएं।
