नीदरलैंड के हेग में आव्रजन एवं शरणार्थी नीतियों के खिलाफ सैकड़ों अति दक्षिणपंथी प्रदर्शनकारियों के प्रदर्शन के दौरान हिंसा भड़कने के बाद दंगा-रोधी पुलिस ने कार्रवाई कर भीड़ को तितर-बितर कर दिया। स्थानीय प्रशासन ने शहर में प्रस्तावित मार्च पर भी रोक लगा दी। प्रदर्शनकारियों ने शनिवार को पुलिसकर्मियों पर पटाखे और अन्य वस्तुएं फेंकनी शुरू कर दीं जिसके बाद पुलिस ने कई लोगों को गिरफ्तार कर लिया।
न्याय मंत्री डेविड वान वील ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक ‘पोस्ट’ साझा कर प्रदर्शन के दौरान हुई घटनाओं को ‘‘घृणित दृश्य’’ बताया और उनसे निपटने के लिए ‘‘बेहद सख्त’’ कार्रवाई करने की बात की। उन्होंने कहा कि प्रदर्शनकारियों ने नाजी सलामी दी, यहूदी-विरोधी नारे लगाए, पुलिस पर हमला किया और दंगा-रोधी पुलिसकर्मियों पर पटाखे फेंके। वान वील ने लिखा, ‘‘उन सभी पुलिसकर्मियों का धन्यवाद जो हमारी लोकतांत्रिक कानून-व्यवस्था की रक्षा के लिए एक बार फिर खड़े हैं।’’
हेग नगर प्रशासन ने शहर के मध्य स्थित मालीवेल्ड पार्क में एकत्र प्रदर्शनकारियों के बीच हिंसा भड़कने के बाद मार्च पर रोक लगा दी और बाद में भीड़ को वहां से हटने का आदेश दिया।
शनिवार की यह हिंसा दक्षिणपंथी प्रदर्शन के दौरान दंगे भड़कने की घटना के एक साल बाद हुई। उस समय काले कपड़े पहने प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच झड़पों के दौरान एक पुलिस वाहन में आग लगा दी गई थी और मध्यमार्गी ‘डी66’ पार्टी के मुख्यालय पर भी हमला किया गया था। पार्टी के नेता रॉब जेटेन अब प्रधानमंत्री हैं।
