बेंगलुरु पुलिस ने तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (टीटीपी) के एक सदस्य के साथ मिलकर इस संगठन में शामिल होने तथा पाकिस्तान की सेना एवं भारत के खिलाफ हमलों की साजिश रचने के आरोप में पश्चिम बंगाल के 25 वर्षीय एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। पुलिस की ओर से जारी एक विज्ञप्ति में यह जानकारी दी गई। पुलिस को सूचना मिली थी कि असाफुल मलिक पाकिस्तान की सेना पर हमला करने की कथित साजिश रच रहा है, जिसके बाद उसे 11 अगस्त को बोम्मासंद्रा औद्योगिक क्षेत्र से हिरासत में लिया गया।
विज्ञप्ति के अनुसार, मलिक सुरक्षा गार्ड के रूप में काम करता था। पुलिस ने कहा कि जिगानी निवासी मलिक अफगानिस्तान के रहने वाले टीटीपी सदस्य इमरान अहिंदर के संपर्क में फेसबुक के जरिए आया था। विज्ञप्ति के मुताबिक, मलिक पाकिस्तान में मस्जिदों और लोगों पर पाकिस्तान की सेना के कथित अत्याचारों तथा इजराइल-फलस्तीन संघर्ष में इजराइल को उसके कथित समर्थन से नाराज था।
विज्ञप्ति में कहा गया, ‘‘उक्त संगठन में शामिल होने तथा पाकिस्तान की सेना एवं यहां भी बदला लेने के इरादे से उसने इमरान अहिंदर की मदद ली, पासपोर्ट बनवाया और अफगानिस्तान जाने के लिए वीजा का आवेदन किया। हालांकि, कुछ कारणों से वह अफगानिस्तान नहीं जा सका।’’
पुलिस ने कहा कि मलिक के मोबाइल फोन से ऐसे संदेश और ऑडियो रिकॉर्डिंग मिली हैं, जिनसे पाकिस्तान की सेना से बदला लेने की उसकी कथित मंशा का पता चलता है। पुलिस के अनुसार, मलिक को गिरफ्तार कर लिया गया है और मामले की आगे की जांच जारी है।
हेब्बागोडी पुलिस थाने में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 113(3) के तहत मामला दर्ज किया गया है। यह धारा आतंकवादी कृत्य की साजिश रचने, उकसाने, प्रयास करने, उसका समर्थन करने, भड़काने या जानबूझकर उसमें मदद करने से संबंधित है। मलिक बेंगलुरु के जिगानी में एपीसी सर्किल के पास रहता था, जबकि उसका स्थायी पता पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना जिले के नौपार गांव का है।
