इंफाल पश्चिम के एसपी के. शिवकांत सिंह ने बताया कि शहर के अलग-अलग हिस्सों में पिछले कुछ दिनों से हो रही ‘मीरा’ रैलियों का स्वरूप बदल गया है। प्रदर्शनकारियों की आड़ में आए असामाजिक तत्वों ने इन रैलियों में शामिल होकर हिंसक गतिविधियों को अंजाम देना शुरू कर दिया है। ये लोग न केवल सुरक्षा बलों को निशाना बना रहे हैं, बल्कि कानून-व्यवस्था को भी बिगाड़ने की कोशिश कर रहे हैं।
पेट्रोल बम-नशीले पदार्थों का उपयोग
एसपी ने खुलासा किया कि इन रैलियों के दौरान खतरनाक हथियारों का इस्तेमाल किया जा रहा है। इनमें पेट्रोल बम फेंकना, लोहे के टुकड़ों वाली गुलेल चलाना और सुरक्षा बलों पर भारी पत्थरबाजी करना शामिल है। इसके अलावा, रैलियों में शामिल कई लोग शराब या अन्य नशीले पदार्थों के नशे में पाए गए हैं। पुलिस ने यह भी बताया कि कुछ उकसाने वाले लोग भीड़ जमा होने से पहले ही सक्रिय रूप से पेट्रोल, केरोसिन बम और गुलेल जैसे हथियार लोगों तक पहुंचा रहे हैं।
पुलिस की सख्त कार्रवाई
पुलिस का कहना है कि इन उकसावों के बावजूद सुरक्षा बलों ने अब तक अधिकतम संयम बरता है ताकि कोई बड़ी जनहानि न हो। हालांकि, अब संबंधित एजेंसियां पूरी तरह सक्रिय हैं और अपने कानूनी कर्तव्यों का पालन कर रही हैं। एसपी के. शिवकांत सिंह ने चेतावनी दी है कि हिंसा में शामिल लोगों के साथ-साथ ऐसे कृत्यों के लिए भीड़ को उकसाने वाले व्यक्तियों के खिलाफ भी कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।