दिल्ली में शाहदरा पुलिस ने जमीन में दफन पुश्तैनी सोना निकालने के बहाने 79 वर्षीय बुजुर्ग से ठगी करने और उनके घर से करीब 15 लाख रुपये के सोने के गहने चोरी करने के आरोप में एक फर्जी तांत्रिक और उसके दो सहयोगियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के एक अधिकारी ने बृहस्पतिवार को यह जानकारी दी। पुलिस के अनुसार, आरोपियों की पहचान मुजफ्फरनगर निवासी तहसीन उर्फ कृष्णा शर्मा उर्फ कृष्णा पंडित (48), मयूर विहार निवासी शोएब अली (40) और पश्चिम बंगाल के रहने वाले महाकादर खान (48) के रूप में हुई है।
शाहदरा के पुलिस उपायुक्त (डीसीपी) राजेंद्र प्रसाद मीणा ने बताया कि सीमापुरी थाने में यह मामला पीड़ित गिरिजेश सिंह (79) की शिकायत पर भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं के तहत दर्ज किया गया। शिकायतकर्ता का आरोप है कि शोएब अली और महाकादर खान ने उन्हें एक तांत्रिक से मिलवाया तथा आरोपियों ने असली सोने का सिक्का दिखाकर उनका विश्वास जीता और फिर अनुष्ठान के नाम पर उनसे नकद एवं एकीकृत भुगतान इंटरफेस (यूपीआई) के जरिए करीब 39 हजार रुपये ले लिए। डीसीपी ने बताया कि इसके बाद चार अगस्त की रात आरोपियों ने बुजुर्ग के घर पर मिट्टी के बर्तनों और नकली सोने के बिस्कुटों का इस्तेमाल कर अनुष्ठान करने का नाटक किया।
उन्होंने कहा कि इस दौरान आरोपियों ने बुजुर्ग को कोई नशीला पदार्थ खिला दिया, जिससे वह बेहोश हो गए और होश आने पर उन्हें अपनी अलमारी से करीब 15 लाख रुपये के सोने के जेवर गायब मिले। पुलिस ने बताया कि जांच के दौरान मुख्य आरोपी तहसीन को मुजफ्फरनगर से गिरफ्तार किया गया। वह ‘कृष्णा शर्मा’ नाम से फर्जी पहचान पत्र का इस्तेमाल कर खुद को तांत्रिक बताता था।
उसने बताया कि आरोपी की निशानदेही पर 2,73,000 रुपये नकद, एक कार, तांत्रिक की पोशाक, 11 अंगूठी, दो आधार कार्ड (तहसीन और कृष्णा शर्मा के नाम पर), एक पैन कार्ड, एक एटीएम कार्ड और दो मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं। पुलिस ने बताया कि मामले में आगे की जांच और कानूनी कार्रवाई जारी है।
