फाइनेंशियल एडवाइजर और कंटेंट क्रिएटर लुइसा ते ने इंस्टाग्राम पर एक वीडियो इंटरव्यू शेयर किया। ये इंटरव्यू एल्विन का है जो मेटा कंपनी से नौकरी छोड़ कर नूडल्स बेचने का काम कर रहे थे। नौकरी बोरिंग लगी तो छोड़ी मेटा के एक कर्मचारी एल्विन ने अपनी नौकरी सिर्फ इसलिए छोड़ दी क्योंकि उसे ये बोरिंग लगी। नौकरी छोड़ने के बाद अब वह नूडल्स बेचने का काम कर रहा है। अपनी इस कहानी को एल्विन ने सोशल मीडिया पर शेयर किया जो तेजी से वायरल हो रही है। View this post on Instagram A post shared by Louisa | Investments ✨ (@louisatay)
लोकल फूड मार्केट में लगाया स्टॉल नौकरी छोड़ने के बाद एल्विन ने लोकल फूड मार्केट में हॉक्केन मी का स्टॉल लगाना शुरू कर दिया। एल्विन टैन से जब पूछा गया कि उन्होंने इतनी बड़ी कंपनी क्यों छोड़ी तो उन्होंने कहा कि सॉफ्टवेयर इंजीनियर बोरिंग है। बताया अपनी कंपनी का हाल जब लुइसा ते ने कहा कि मेटा में काम करना लोगों का सपना होता है तो एल्विन ने जवाब दिया कि बड़ी कंपनियों में लगातार छंटनी हो रही है। मेरी खुद ही टीम कई बार रीस्ट्रक्चर हुई। ऑफिस के अंदर जाने से पहले यह सबका सपना होता है लेकिन एक बार जब आप वहां पहुंच जाते हैं तो सोचने लगते हैं कि जिंदगी में करने के लिए और क्या-क्या चीजें बची हैं। नौकरी छोड़ने का कोई दुख नहीं एल्विन ने अपने इंटरव्यू में बताया कि मेटा की जॉब और नूडल्स के स्टॉल की कमाई में बहुत अंतर है। मेटा में नौकरी करते हुए उन्हें नूडल्स के स्टॉल्स से दो से तीन गुना ज्यादा सैलरी मिलती थी। लेकिन इसके बाद भी उन्हें मेटा की नौकरी छोड़ने का दुख नहीं था। अब वह जो काम कर रहे हैं, उससे उन्हें ज्यादा खुशी मिलती है। गर्लफ्रेंड को रखा हेल्पर इस समय एल्विन के पास इतना पैसा नहीं है कि वह अपने लिए किसी हेल्पर को रख सकें। इसलिए उन्होंने अपनी गर्लफ्रेंड को हेल्पर के तौर पर रख लिया है। वह उनके साथ मिलकर पूरा काम संभाल रही है। एल्विन ने वीडियो के आखिर में यह भी बताया कि जो लोग अपना करिअर बदलना चाहते हैं,वे बहुत जल्दी हार न मानें। उन्होंने कहा कि आपके लिए हमेशा आगे बढ़ने का कोई न कोई दरवाजा खुला रहेगा। ———— ये खबर भी पढ़ें… गुजरात में 8,917 पदों पर निकली भर्ती; 12वीं पास को मौका, सैलरी के साथ अलाउंस भी मिलेंगे गुजरात राज्य सड़क परिवहन निगम (GSRTC) ने कंडक्टर और ड्राइवर के 8,917 पदों पर भर्ती निकाली है। इसमें कंडक्टर के लिए 4318 और ड्राइवर के लिए 4599 पद शामिल है। उम्मीदवार GSRTC की ऑफिशियल वेबसाइट ojas.gujarat.gov.in के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। पूरी खबर यहां पढ़ें
इंजीनियर की नौकरी बोरिंग लगी तो नूडल्स का स्टॉल लगाया:मेटा की नौकरी छोड़ी, मदद करती गर्लफ्रेंड के साथ वीडियो वायरल
सिद्धभूमि के लेखक एक प्रमुख समाचार लेखक हैं, जिन्होंने समाज और राजनीति के महत्वपूर्ण मुद्दों पर गहरी जानकारी और विश्लेषण प्रदान किया है। उनकी लेखनी न केवल तथ्यात्मक होती है, बल्कि समाज की जटिलताओं को समझने और उजागर करने की क्षमता रखती है। उनके लेखों में तात्कालिक घटनाओं के विस्तृत विश्लेषण और विचारशील दृष्टिकोण की झलक मिलती है, जो पाठकों को समाज के विभिन्न पहलुओं पर सोचने के लिए प्रेरित करते हैं।
Related Posts
सिद्धभूमि -
एक ऐसे समय में जब प्रिंट एवं मुद्रण अपनी प्रारंभिक अवस्था में था ,समाचार पत्र अपने संसाधनो के बूते निकाल पाना बेहद दुष्कर कार्य था ,लेकिन इसे चुनौती के रूप में स्वीकार करते हुए स्वर्गीय श्री शयाम सुन्दर मिश्र “प्रान ” ने 12 मार्च 1978 को पडरौना (कुशीनगर ) उत्तर प्रदेश से सिद्ध भूमि हिंदी साप्ताहिक का प्रकाशन आरम्भ किया | स्वर्गीय श्री शयाम सुन्दर मिश्र “प्रान ” सीमित साधनों व अभावों के बीच पत्रकारिता को मिशन के रूप में लेकर चलने वाले पत्रकार थे । उनका मानना था कि पत्रकारिता राष्ट्रीय लोक चेतना को उद्वीप्त करने का सबसे सशक्त माध्यम है । इसके द्वारा ही जनपक्षीय सरोकारो को जिन्दा रखा जा सकता है । किसी भी संस्था के लिए चार दशक से अधिक का सफ़र कम नही है ,सिद्ध भूमि ने इस लम्बी यात्रा में जनपक्षीय सरोकारो को जिन्दा रखते हुए कर्मपथ पर अपने कदम बढ़ाएं हैं और भविष्य के लिए भी नयी आशाएं और उम्मीदें जगाई हैं । ऑनलाइन माध्यम की उपयोगिता को समझते हुए सिद्ध भूमि न्यूज़ पोर्टल की शुरुवात जुलाई 2013 में किया गया |
हमसे संपर्क करने और जुड़ने के लिए मेल करें -
siddhbhoomi@gmail.com Subscribe to Updates
Get the latest creative news from FooBar about art, design and business.
© 2025 Siddhbhoomi.com. Designed with ❤️ by Abiral Pandey.
