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असम, केरलम और केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी में विधानसभा चुनावों के लिए प्रचार आज शाम समाप्त खत्म हो गया। असम में 126, केरल में 140 और पुडुचेरी में 30 सीटों पर मतदान गुरुवार को एक ही…
ट्रंप की चेतावनी के तुरंत बाद, ईरान ने जवाबी चेतावनी जारी करते हुए कहा कि वह नए लॉन्च प्लेटफॉर्मों से हमले करने में जरा भी संकोच नहीं करेगा। ईरान ने यह भी कहा कि ट्रंप की…
इलाम शहर के नागरिकों ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की हालिया धमकियों के विरोध में मानव श्रृंखला बनाई। ईरानी समाचार एजेंसी तसनीम के अनुसार, यह जनसभा विशेष रूप से अमेरिकी प्रशासन द्वारा ईरान के महत्वपूर्ण बुनियादी…
अंबेडकर जयंती से पहले, योगी आदित्यनाथ मंत्रिमंडल ने राज्य भर में सामाजिक न्याय के प्रतीक माने जाने वाले स्मारकों के…
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साई ने मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात कर बस्तर के विकास के अगले…
प्रयागराज महाकुंभ में सुर्खियां बटोरने के बाद आईआईटी बाबा के नाम से मशहूर हुए झज्जर के अभय ने शादी कर…
असम पुलिस ने आज कांग्रेस नेता पवन खेड़ा के दिल्ली स्थित आवास पर तलाशी अभियान चलाया। यह कार्रवाई उस प्राथमिकी…
खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (एफएसएसएआई) को अक्सर घटिया या मिलावटी खाद्य पदार्थों की रिपोर्ट सामने आने के कारण आलोचनाओं…
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने घोषणा की कि डॉ. बी. आर. अंबेडकर की जयंती के उपलक्ष्य में राज्य…
सुप्रीम कोर्ट की नौ जजों की बेंच 7 अप्रैल से सबरीमाला मंदिर समेत धार्मिक स्थलों पर महिलाओं के साथ होने…
राज्यसभा के सभापति और लोकसभा अध्यक्ष दोनों ने ही विचार-विमर्श के बाद मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से…
हाल ही के सालों में कई राज्यों में चुनाव के दौरान घुसपैठ एक बड़ा राजनीतिक मुद्दा बनने लगा है। लेकिन…
कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने मंगलवार को असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा की तीखी आलोचना करते हुए उन्हें परेशान,…
असम विधानसभा चुनाव के लिए सभी सियासी दल जोर-शोर से चुनावी रैलियां कर रहे हैं। जहां एक ओर भारतीय जनता…
Sivasagar Assembly Seat: Sivasagar में BJP की प्रतिष्ठा दांव पर, क्या पहली बार खुलेगा पार्टी का खाता
असम की शिवसागर विधानसभा सीट एक अहम सीट है। यह विधानसभा सीट ब्रह्मपुत्र घाटी के मैदानों में है और नागालैंड…
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पश्चिम बंगाल के मालदा जिले में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) प्रक्रिया के दौरान 7 न्यायिक अधिकारियों, जिनमें 3 महिलाएं भी शामिल थीं, के साथ हुई दुर्व्यवहार…
हाल ही में एक अवॉर्ड शो में जब होस्ट सौरभ द्विवेदी ने राजपाल यादव के पैसों के मामले पर तंज कसा, तो फैंस भड़क गए और सोशल मीडिया पर सौरभ को जमकर ट्रोल करने लगे। लेकिन राजपाल यादव ने एक बार फिर साबित कर दिया कि उनका दिल कितना बड़ा है। उन्होंने खुद सामने आकर लोगों से सौरभ को परेशान न करने की अपील की है।राजपाल ने सौरभ को बताया अपने भाई जैसाराजपाल यादव ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर करते हुए इस पूरे मामले पर अपनी चुप्पी तोड़ी। उन्होंने बड़े ही शांत और सरल अंदाज में कहा कि जो कुछ भी मंच पर हुआ, वो सिर्फ एक मजाक का हिस्सा था। उन्होंने बताया कि सौरभ द्विवेदी और जाकिर खान उनके छोटे भाइयों जैसे हैं और वे दोनों उनकी बहुत इज्जत करते हैं। राजपाल का कहना है कि कभी-कभी हम कहना कुछ चाहते हैं, लेकिन लोगों तक उसका मतलब…
ज्यादातर लोगों को शहर की भीड़भाड़ से दूर किसी शांत और सुकून भरी जगह पर समय बिताना पसंद…
Hindi NewsCareerUPSSSC 722 Recruitment Notification Out; Govt Jobs Apply From June 418 मिनट पहलेकॉपी लिंकआज की सरकारी नौकरी में जानकारी UPSSSC ने 722 भर्ती का नोटिफिकेशन जारी कर दिया है। इसके तहत 4 जून से आवेदन प्रक्रिया शुरू होगी। करेंसी नोट प्रेस की 3 यूनिट में 534 वैकेंसी निकली है। इस वैकेंसी के लिए आवेदन 20 अप्रैल से शुरू होंगे। साथ ही दयाल सिंह कॉलेज, डीयू में 33 भर्ती का नोटिफिकेशन जारी हुआ है। आवेदन 11 अप्रैल से शुरू होंगे।इन जॉब्स के बारे में पूरी जानकारी के साथ आवेदन की प्रक्रिया यहां देखिए…1. UPSSSC ने 722 भर्ती का नोटिफिकेशन किया…
दुनिया भर में नौकरी कटौती की खबरों के बीच तकनीकी क्षेत्र की बड़ी कंपनी में एक और बड़ा…
मध्य एशिया में जारी युद्ध और ईंधन की संभावित कमी की खबरों के बीच, केंद्र सरकार ने प्रवासी मज़दूरों के…
इस हफ्ते होने वाली मौद्रिक नीति बैठक को लेकर बाजार में काफी हलचल है, लेकिन संकेत मिल रहे हैं कि…
भारत भर के केंद्र सरकार के कर्मचारी और पेंशनभोगी 8वें वेतन आयोग से संबंधित घटनाक्रमों का बेसब्री से इंतज़ार कर…
एशियाई बाजारों में मजबूती के बीच सेंसेक्स और निफ्टी में सोमवार को शुरुआती कारोबार में बढ़त दर्ज की गई। बीएसई…
सरकारी मशीनरी के नाकारा होने के कारण देश में धार्मिक आयोजनों में भगदड़ जैसे हादसे रुक नहीं रहे हैं। हादसों ऐसी श्रृंखला में नालंदा मंदिर का हादसा भी जुड़ गया है। नालंदा के शीतला माता मंदिर में पूजा करने के दौरान भगदड़ मच गई और इसमें 9 लोगों की जान चली गई। आठ महिलाओं की भीड़ में दबने से मौके पर ही मौत हो गई थी, जबकि एक पुरुष ने अस्पताल में दम तोड़ा। चैत्र महीने के आखिरी मंगलवार को शीतला अष्टमी के मौके पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु इस मंदिर में पहुंचे थे। वहां मेला भी लगा था। इसी दिन राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू आज मंगलवार को नालंदा यूनिवर्सिटी के दीक्षांत समारोह में राष्ट्रपति शामिल हुईं। दीक्षांत समारोह में राष्ट्रपति ने कई देशों के छात्रों को डिग्री व मेधावी छात्रों को स्वर्ण पदक प्रदान दिया गया। राष्ट्रपति की यात्रा की सुरक्षा में 8 जिलों के 2500 जवानों को लगाया गया था,…
भारत के खिलाफ जहर उगलने के आदी पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने जब कोलकाता को निशाना बनाने की धमकी दी तो यह उनकी बौखलाहट का खुला प्रदर्शन था, लेकिन हैरानी इससे भी ज्यादा इस बात पर है कि भारत के भीतर कुछ नेता इस खोखली धमकी को लेकर हंगामा खड़ा कर रहे हैं। जिसे बार-बार उसकी हर हरकत पर मुंहतोड़ जवाब मिला हो, जिसे उसकी गुस्ताखियों की सजा उसके घर में घुसकर दी गई हो, उसकी गीदड़ भभकी पर तृणमूल कांग्रेस के नेताओं का शोर मचाना न केवल हास्यास्पद है बल्कि चिंताजनक भी है। देखा जाये तो यह एक कमजोर और बेअसर खतरे को बढ़ा चढ़ाकर पेश करने और चूहे को शेर बताकर लोगों में डर पैदा करने की कोशिश से ज्यादा कुछ नहीं है।हम आपको बता दें कि ख्वाजा आसिफ ने पिछले सप्ताह सियालकोट में मीडिया से बातचीत के दौरान यह दावा किया था कि भविष्य में…
वर्ष 2026 के पश्चिम बंगाल विधनासभा चुनाव घोषित हो चुके हैं। जैसे-जैसे चुनाव नजदीक आ रहा है वैसे वैसे राज्य की राजनीति का पारा चढ़ रहा है। बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी लगातार चौथी बार मुख्यमंत्री बनने के लिए अपने प्रचार को आक्रामक बना चुकी हैं। उनके लिए इस बार राह उतनी आसान नहीं है। भारतीय जनता पार्टी भी इस बार हर हाल में बंगाल में अपनी सरकार बनाने को संकल्पबद्ध है। बिहार विधानसभा चुनाव परिणामों के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक सभा में कहा था कि गंगा नदी बिहार से ही बंगाल में जाती है और उसी दिन से बंगाल मे राजनीतिक तपिश का अनुभव होने लगा था। बंगाल में ममता दीदी के चौथी बार मुख्यमंत्री बनने की राह बहुत आसान नहीं है क्योकि कांग्रेस और वामपंथी दल भी पूरी ताकत से ममता दीदी को हराने के लिए काम कर रहे हैं। उनकी अपनी ही पार्टी के निष्कासित विधायक…
भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने वर्ष 2021 में बैंक लॉकर सुविधा के लिए विभिन्न संशोधित दिशानिर्देश जारी किए, जो विगत 1 जनवरी 2022 से लागू हैं। इनके तहत बैंक लॉकर से सामान गायब होने पर बैंक की जिम्मेदारी तय की गई है। साथ ही ग्राहक की लापरवाही के बारे में भी नियमसम्मत जानकारी उपलब्ध कराई गई है ताकि किसी भी प्रकार का नीतिगत विरोधाभास नहीं बचे। यही वजह है कि बैंक लॉकर के धंधे में तेजी आई है।इस बारे में मुख्य गाइडलाइंस निम्नलिखित है- आरबीआई के अनुसार, बैंक लॉकर की सामग्री का इन्वेंटरी रखने या उसके मूल्य की जांच करने का अधिकार बैंक को नहीं है।हां, लॉकर हायरर को अवैध या खतरनाक वस्तुएं रखने की मनाही है, और बैंक को अपनी सुरक्षा भी सुनिश्चित करनी होती है। इसलिए लॉकर एग्रीमेंट में ये शर्तें शामिल होनी चाहिए।इसे भी पढ़ें: नए इनकम टैक्स ड्राफ्ट नियमों के बीच चर्चा में आई Old Regime,…
प्रस्तावित ड्राफ्ट इनकम टैक्स रूल्स, 2026 पुराने बनाम नए टैक्स सिस्टम की बहस को चुपचाप बदल सकता है। हालांकि इनकम टैक्स एक्ट, 2025 ने एक बड़ा स्ट्रक्चरल रीसेट और टैक्स की भाषा को आसान बनाया, लेकिन ज़्यादातर टैक्सपेयर्स के लिए असली सवाल आसान है: क्या मैं ज़्यादा टैक्स बचाऊंगा? नया एक्ट और नियम 1 अप्रैल, 2026 (टैक्स साल 2026–27) से लागू होंगे। नए इनकम टैक्स ड्राफ्ट नियम 2026 के सामने आने के बाद एक बार फिर Old Tax Regime चर्चा में है। अब तक सरलता और कम दरों के कारण New Tax Regime को बढ़त मिल रही थी, लेकिन प्रस्तावित बदलावों ने पुराने सिस्टम को फिर प्रतिस्पर्धी बना दिया है।हालांकि ये नियम अभी ड्राफ्ट फॉर्म में हैं, लेकिन ये सिर्फ प्रोसेस और लिमिट बदलने से कहीं ज़्यादा हैं। ड्राफ्ट नियम चुपचाप यह बताते हैं कि कई नई छूट, एग्ज़ेम्प्शन और ज़्यादा लिमिट से मुख्य रूप से पुराने टैक्स सिस्टम के तहत…
देश में समय के साथ लोकतंत्र के परिपक्कव होने के बजाए कमजोर होने की आहट आ रही है। आजादी के बाद देश में ऐसा पहली बार हुआ है कि संवैधानिक संस्थाओं को पक्षपात के आरोपों के कारण कटघरे में खड़ा किया जा रहा है। इन संस्थाओं के कामकाज के तौर—तरीकों पर सवाल उठाए जा रहे हैं। इन पर पूरी तरह से सत्तारुढ केंद्र की नरेन्द्र मोदी सरकार के इशारों पर काम करने करने और विपक्ष के अधिकारों को दबाने के आरोप लगाए जा रहे हैं। आरोपों के इस घेरे में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला, राज्यसभा के सभापति रहे जगदीप धनखड़, भारत के नियंत्रक-महालेखा परीक्षक और अब मुख्य चुनाव आयुक्त आ चुके हैं।लोकसभा स्पीकर को हटाने के लिए 118 विपक्षी सांसदों के समर्थन से अविश्वास प्रस्ताव लाया गया था। विपक्षी सांसदों का दावा था कि ओम बिरला ने “पक्षपातपूर्ण व्यवहार” दिखाया है और उनका कार्यालय अपेक्षित निष्पक्षता बनाए रखने में विफल…
धर्म, जाति और धर्मांतरण का प्रश्न भारत के सामाजिक, संवैधानिक और राष्ट्रीय जीवन से जुड़ा अत्यंत संवेदनशील और जटिल विषय है। हाल ही में सर्वोच्च न्यायालय द्वारा दिया गया यह निर्णय कि यदि अनुसूचित जाति का कोई व्यक्ति हिन्दू, सिख या बौद्ध धर्म छोड़कर किसी अन्य धर्म को स्वीकार कर लेता है तो वह अनुसूचित जाति का संवैधानिक दर्जा और उससे जुड़े लाभों का अधिकारी नहीं रहेगा, केवल एक सामान्य कानूनी निर्णय नहीं है, बल्कि यह भारतीय संविधान की मूल भावना, सामाजिक न्याय की अवधारणा और राष्ट्रीय एकता की आवश्यकता को ध्यान में रखकर दिया गया एक दूरगामी और ऐतिहासिक निर्णय है। इस निर्णय को भारतीय न्याय व्यवस्था की परिपक्वता, संतुलन और दूरदर्शिता का प्रतीक कहा जा सकता है।भारत में अनुसूचित जाति की व्यवस्था का निर्माण किसी धर्म विशेष को लाभ देने के लिए नहीं किया गया था, बल्कि उन सामाजिक वर्गों को संरक्षण और अवसर देने के लिए किया…
धार्मिक स्थलों को बंदरों से क्यों नही मिलती मुक्ति। सबसे बड़ा यक्ष प्रश्न यह है कि इन स्थानों पर आने वाले श्रृद्धालु कब तक इनके आंतक झेलते रहेंगे? कब तक इनका शिकार होते रहेंगे?हाल में राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मु अपने कार्यकाल में 19 मार्च को वृंदावन आईं। वे दूसरी बार यहां आईं है। इससे पहले इसी पद पर रहते हुए प्रणब मुखर्जी व रामनाथ कोविंद भी अपने कार्यकाल में दो बार वृंदावन आए थे। लेकिन, राष्ट्रपति मुर्मु वृंदावन के तीन दिवसीय प्रवास पर आने वाली पहली राष्ट्रपति हैं। देश के प्रथम राष्ट्रपति डॉक्टर राजेंद्रप्रसाद, ज्ञानी जैल सिंह एक बार वृंदावन आए। उपराष्ट्रपति पद पर रहते हुए डॉक्टर शंकरदयाल शर्मा, आर वेंकटरामन, डॉक्टर सर्वपल्ली राधाकृष्णन भी वृंदावन अपनी धार्मिक यात्रा पर आ चुके हैं।इसे भी पढ़ें: President Murmu के Vrindavan दौरे से पहले हाई अलर्ट, चश्मा चोर बंदरों को डराएंगे लंगूर के कटआउटनिवर्तमान राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद भी दो बार वृंदावन आए। आश्रय…
आजकल आधार कई सरकारी सर्विस और स्कीम का एक ज़रूरी हिस्सा बन गया है। आधार का इस्तेमाल लगभग हर सर्विस में पहचान वेरिफिकेशन के लिए किया जाता है, चाहे वह बैंक अकाउंट हो, मोबाइल नंबर हो, गैस सब्सिडी हो या पेंशन हो। ऐसे में पेंशन अकाउंट, खासकर EPF (एम्प्लॉई प्रोविडेंट फंड) से आधार को लिंक करना फायदेमंद साबित हो सकता है। हालांकि पेंशन अकाउंट से आधार को लिंक करना ज़रूरी नहीं है, लेकिन इससे आपकी पहचान और डॉक्यूमेंट्स को वेरिफाई करना आसान हो जाता है। इससे भविष्य में क्लेम, पेंशन ट्रांसफर और दूसरी सर्विस में देरी की संभावना कम हो सकती है। अच्छी बात यह है कि आप आसानी से ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों तरह से अपने पेंशन अकाउंट से आधार को लिंक कर सकते हैं। सरकार द्वारा विभिन्न पेंशन योजनाओं में पारदर्शिता और लाभार्थियों की सही पहचान सुनिश्चित करने के लिए आधार लिंकिंग को महत्वपूर्ण बनाया गया है। पेंशन खाते…
वर्ष 2017 में विधानसभा चुनावों के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में बनी भाजपा गठबंधन की सरकार ने नौ वर्ष पूर्ण कर लिए हैं। इन नौ वर्षों में सरकार ने कानून व्यवस्था, सांस्कृतिक पुनर्जागरण तथा विकास के अनेक प्रतिमान गढ़े हैं। अपनी उपलब्धियों को जन जन तक पहुँचाने के लिए सरकार ने, ”नवनिर्माण के नौ वर्ष” नामक पुस्तक का प्रकाशन भी किया है। वर्ष 2017 के पूर्व उत्तर प्रदेश अराजकता के जाल में फंसा हुआ था। छोटी -छोटी बातों पर फसाद हो जाते थे। कानून और व्यवस्था की बुरी स्थिति के कारण निवेशक यहां आने से डरते थे। मुस्लिम तुष्टिकरण चरम पर था। लोग उल्टा प्रदेश कहकर प्रदेश का उपहास करते थे। 2017 में योगी जी के नेतृत्व में भाजपा की सरकार बनने के बाद से इस स्थिति में व्यापक परिवर्तन हुआ है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का कहना है कि अब प्रदेश की पहचान का संकट समाप्त हो चुका है,…
Supporting Student Journalist.
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