श्री राजपूत करणी सेना की ओर से यहां आयोजित प्रदर्शन के बाद एक प्रदर्शनकारी की मौत हो गई।
संगठन ने दावा किया है कि प्रदर्शन के दौरान पुलिस की कार्रवाई के कारण उसकी जान चली गई।
सोमवार को विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) के यूजीसी विनियम-2026 वापस लेने तथा सवर्ण समाज से जुड़ी अन्य मांगों को लेकर प्रदर्शन किया गया था।
करणी सेना के नेताओं के अनुसार मृतक की पहचान डीडवाना-कुचामन जिले के पालाड़ा के निवासी देवराज सिंह के रूप में हुई है।
संगठन का दावा है कि प्रदर्शन के दौरान उनकी तबीयत बिगड़ गई, जिसके बाद उन्हें पहले एक निजी अस्पताल ले जाया गया।
करणी सेना ने कहा कि बाद में देवराज सिंह को सवाई मानसिंह अस्पताल रेफर किया गया, जहां उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई।
करणी सेना के अध्यक्ष महिपाल सिंह मकराना ने प्रेस वार्ता में आरोप लगाया कि पुलिस की ओर से किए गए पानी की बौछार किये जाने से देवराज सिंह घायल हो गए थे।
उन्होंने कहा, ‘‘कालवाड़ रोड पर पुलिस ने पानी की बौछार की। पानी की तेज धार उनके सीने पर लगी, जिससे उन्हें चोट आई।’’
मकराना ने दावा किया कि घर पहुंचने पर देवराज सिंह ने सीने में दर्द की शिकायत की और उसके बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां से उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई।
हालांकि, पुलिस अधिकारियों ने अभी तक मौत के सटीक कारण की पुष्टि नहीं की है।
सोमवार को प्रदर्शन के दौरान कालवाड़ रोड सहित कई स्थानों पर प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच झड़प हुई थी। भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पुलिस ने पानी की बौछार की थी। इस दौरान प्रदर्शनकारियों और पुलिसकर्मियों के बीच धक्का-मुक्की की घटनाएं भी सामने आई थीं।
रैली के बाद प्रदर्शनकारी कलेक्ट्रेट सर्किल पर एकत्र हुए और कुछ देर तक सड़क जाम रखा। बाद में शाम को वे वहां से चले गए।
