पंजाब के मानसा जिले में प्रशासन ने नशा विरोधी कार्यकर्ता परविंदर सिंह उर्फ झोटा की मंगलवार को दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या करने के आरोपी के मकान का एक हिस्सा बुधवार को ढहा दिया। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि मेडिकल स्टोर के मालिक अश्वनी कुमार के मकान में अवैध निर्माण की जानकारी मिलने के बाद खुदाई करने वाली मशीन की मदद से मकान का अगला हिस्सा भारी पुलिस बल की मौजूदगी में ढहा दिया गया।
नशीले पदार्थों की लत और दवा की दुकानों पर उनकी अवैध बिक्री के खिलाफ आवाज उठाने वाले झोटा को मंगलवार को मानसा के एक व्यस्त बाजार में दिनदहाड़े गोली मार दी गई थी। आरोप है कि झोटा और उनके साथियों ने एक बुजुर्ग व्यक्ति को नशीले पदार्थ बेचने को लेकर मेडिकल स्टोर के मालिक कुमार से सवाल-जवाब किए थे, जिसके बाद कुमार ने उन पर गोली चला दी। पुलिस ने बताया कि अश्वनी कुमार को राजस्थान से गिरफ्तार कर लिया गया है।
इस घटना के बाद मानसा शहर में तनाव फैल गया था। झोटा के समर्थकों ने मेडिकल स्टोर में तोड़फोड़ की थी और उनके परिवार ने भी विरोध में शव का अंतिम संस्कार करने से इनकार कर दिया। पुलिस ने मंगलवार को कुमार के उस सहयोगी को गिरफ्तार किया था, जिसने उसे भगाने में मदद की थी।
विपक्षी नेताओं ने हत्या की इस घटना की निंदा की और राज्य में कानून-व्यवस्था ‘‘चरमराने’’ तथा ‘‘जंगलराज’’ होने का आरोप लगाते हुए आम आदमी पार्टी (आप) की सरकार की आलोचना की। उन्होंने कहा कि झोटा की हत्या से पंजाब में नशे की समस्या के खिलाफ आवाज उठाने वालों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
